सोने-चांदी में ऐतिहासिक भूचाल! ईरान-अमेरिका जंग के बीच ₹12,000 टूटा सोना, चांदी ₹30,000 से ज्यादा हुई सस्ती
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई है। भारत में सोना 1.35 लाख और चांदी 2.01 लाख रुपये के स्तर पर आ गई है।
New Delhi : वैश्विक भू-राजनीतिक अस्थिरता और मध्य पूर्व में जारी भीषण तनाव के बीच सर्राफा बाजार से चौंकाने वाली खबरें आ रही हैं। आमतौर पर युद्ध के समय बढ़ने वाला सोना इस बार विपरीत दिशा में जा रहा है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, घरेलू बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट दर्ज की गई है।
घरेलू बाजार: 24 दिनों में 24 हजार रुपये सस्ता हुआ सोना
भारत में 24 कैरेट सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट आई है। 10 ग्राम सोने का भाव 12,077 रुपये घटकर 1.35 लाख रुपये पर आ गया है, जो इससे पहले 1.47 लाख रुपये के स्तर पर था। वहीं, चांदी की कीमतों में भी बड़ी गिरावट देखी गई है। एक किलो चांदी 30,864 रुपये सस्ती होकर 2.01 लाख रुपये पर आ गई है। पिछले 24 दिनों के आंकड़ों को देखें तो सोना कुल 23,956 रुपये और चांदी 65,200 रुपये तक सस्ती हो चुकी है।
वैश्विक बाजार: 4 दशकों की सबसे बड़ी साप्ताहिक गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों ने चार दशकों की सबसे तेज साप्ताहिक गिरावट का सामना किया है। स्पॉट गोल्ड (Spot Gold) 4,354 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर आ गया है। यह गिरावट इसलिए भी हैरान करने वाली है क्योंकि 13 मार्च को सोना 5,200 डॉलर के आसपास था और इसने 5,595.51 डॉलर का ऑल-टाइम हाई भी छुआ था। विश्लेषकों का मानना है कि ऊंची यील्ड (Yields) और मजबूत डॉलर ने सोने की 'सेफ हेवन' वाली चमक को फीका कर दिया है।
क्यों गिर रही हैं कीमतें? विशेषज्ञों की राय
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस गिरावट के पीछे कई वित्तीय कारक काम कर रहे हैं:
तरलता (Liquidity) की जरूरत: सैक्सो बैंक के कमोडिटी स्ट्रैटेजी हेड ओले हैनसेन के मुताबिक, युद्ध के कारण कुछ अर्थव्यवस्थाओं को कैश (Liquidity) की जरूरत है, जिसके लिए वे अपने गोल्ड रिजर्व बेच रहे हैं।
मजबूत डॉलर: वैश्विक तनाव के बावजूद डॉलर की मजबूती और ऊंचे रियल यील्ड ने सोने पर दबाव बनाया है।
पोजिशन एडजस्टमेंट: निवेशकों द्वारा बड़े पैमाने पर अपनी पोजिशन में बदलाव किया जा रहा है, जिससे कीमतों में अस्थिरता बनी हुई है।
निवेशकों के लिए 'गोल्डन चांस'
वॉल स्ट्रीट जर्नल (WSJ) की रिपोर्ट के अनुसार, यह गिरावट लंबी अवधि के निवेशकों के लिए एक शानदार अवसर हो सकती है। विशेषज्ञ प्रियंका सचदेवा का कहना है कि यह सुधार (Correction) लंबी अवधि के खरीदारों के लिए बाजार में प्रवेश करने का एक "सुनहरा अवसर" है। विश्लेषकों का अनुमान है कि यदि कीमतें 4,400 डॉलर के नीचे बनी रहती हैं, तो अगला सपोर्ट लेवल 4,154 डॉलर हो सकता है।
| धातु | वर्तमान कीमत | पिछली कीमत | गिरावट (लगभग) |
| सोना (10 ग्राम) | 1.35 लाख ₹ | 1.47 लाख ₹ | 12,077 ₹ |
| चांदी (1 किलो) | 2.01 लाख ₹ | 2.32 लाख ₹ | 30,864 ₹ |
| ग्लोबल गोल्ड (Oz) | $4,354 | $5,200 | $846 |