अनियंत्रित बस की चपेट में आने से बुजुर्ग की दर्दनाक मौत, मुआवजे की मांग को लेकर NH 22 पर घंटों जाम
Bihar Road Accident : बिहार में रफ्तार का कहर थमने का नाम नही ले रहा। प्रदेश के किसी न किसी इलाके से आए दिन सड़क दुर्घटना में लोगों की मौत की खबर आम बात हो गई है। आज एकबार फिर हाजीपुरर में रफ्तार के कहर ने एक बुजुर्ग की जान ले ली....
Vaishali : हाजीपुर-मुजफ्फरपुर एनएच 22 पर काजीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत चकचमेली के समीप शुक्रवार की सुबह एक भीषण सड़क हादसा हुआ। यहां तेज रफ्तार में आ रही एक अनियंत्रित बस ने एक बुजुर्ग को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे उनकी घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान काजीपुर थाना क्षेत्र के फतेहाबाद निवासी स्वर्गीय पुनीत राम के 65 वर्षीय पुत्र नेवा लाल राम के रूप में हुई है। घटना के संबंध में मृतक के पोते ने बताया कि उनके दादा सुबह करीब 10:00 बजे अपने घर से सराय मरीचा दवा खरीदने के लिए निकले थे, इसी दौरान वे इस हादसे का शिकार हो गए। टक्कर मारने के बाद चालक बस समेत मौके से फरार होने में कामयाब रहा।
मौत की खबर से परिवार में कोहराम, आक्रोशित ग्रामीणों ने ठप किया यातायात
बुजुर्ग की मौत की खबर जैसे ही उनके पैतृक गांव फतेहाबाद पहुंची, पूरे परिवार में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। हादसे से आक्रोशित मृतक के परिवार वाले और भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गए और एनएच 22 को पूरी तरह जाम कर दिया। देखते ही देखते राष्ट्रीय राजमार्ग पर सैकड़ों लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। आक्रोशित लोग मृतक के आश्रितों को उचित सरकारी मुआवजा दिलाने, फरार बस को जब्त करने और उसके लापरवाह चालक को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई करने की मांग पर अड़ गए।
दो घंटे तक रेंगते रहे वाहनों के पहिए, एनएच पर लगी गाड़ियों की लंबी कतार
सड़क जाम किए जाने के कारण एनएच 22 पर लगभग दो घंटे से अधिक समय तक आवागमन पूरी तरह बाधित रहा। इस दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर छोटे-बड़े सैकड़ों विभिन्न वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे भीषण गर्मी में राहगीरों और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। मौके पर मौजूद प्रदर्शनकारियों ने जिला प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए कहा कि इस रूट पर सभी प्रकार की गाड़ियां बेहद अनियंत्रित होकर गुजरती हैं। स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन से इन बेलगाम वाहनों के परिचालन पर तत्काल रोक लगाने की गुहार लगाई, ताकि आए दिन होने वाली इन छोटी-बड़ी दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
पुलिस ने समझा-बुझाकर हटाया जाम, पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा
सड़क जाम और हंगामे की सूचना मिलते ही काजीपुर थाना की पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया तथा उचित कानूनी कार्रवाई और मुआवजे की प्रक्रिया शुरू कराने का आश्वासन देकर करीब दो घंटे बाद जाम को खुलवाया। इसके बाद पुलिस ने कागजी कार्रवाई पूरी करते हुए शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए हाजीपुर सदर अस्पताल भेज दिया। सदर अस्पताल में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया, जिसे लेकर स्वजन अपने गांव लौट गए।
पांच भाइयों में सबसे बड़े थे नेवा लाल, खेती-बाड़ी से चलता था गुजारा
इस घटना के बाद से फतेहाबाद गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। पारिवारिक सूत्रों ने बताया कि नेवा लाल राम अपने पांच भाइयों में सबसे बड़े थे और उनके तीन बेटे हैं। वे पेशे से किसान थे और खेती-बाड़ी कर ही अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। घर के मुखिया की इस तरह अचानक हुई मौत से पूरा परिवार सदमे में है। मृतक के पोते और अन्य परिजनों ने पुलिस प्रशासन से न्याय की गुहार लगाते हुए फरार बस चालक को अविलंब चिन्हित कर सलाखों के पीछे भेजने की पुरजोर मांग की है।
रिषभ की रिपोर्ट