Bihar Crime:आधार सेंटर बना लूट का अड्डा,नियम ताक पर, पैसे दो तभी होगा काम, SDO की रेड में खुला खेल
Bihar Crime:एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है, जहां पहचान के सबसे अहम दस्तावेज आधार कार्ड को ही कमाई का जरिया बना दिया गया।..
Bihar Crime:एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है, जहां पहचान के सबसे अहम दस्तावेज आधार कार्ड को ही कमाई का जरिया बना दिया गया। मोतीहारी के छतौनी थाना क्षेत्र के छोटा बरियारपुर स्थित एक कॉमन सर्विस सेंटर पर आधार अपडेट और सुधार के नाम पर भोली-भाली जनता से खुलेआम वसूली गैंग का खेल चल रहा था। इल्ज़ाम है कि यहां आम लोगों से ₹500 से ₹1000 तक की रकम वसूली जा रही थी वो भी उस काम के लिए, जिसकी सरकारी फीस बेहद मामूली तय है। यानी बिना नज़राना दिए काम होना नामुमकिन! लोग दिनभर लाइन में लगते, लेकिन जेब ढीली किए बिना आधार सुधार का काम आगे नहीं बढ़ता। यह सिलसिला कोई एक-दो दिन का नहीं, बल्कि लंबे वक्त से जारी सेटिंग-गेटिंग का हिस्सा बताया जा रहा है।
मामले की शिकायत जब प्रशासन तक पहुंची, तो सदर एसडीओ निशांत सिहारा खुद एक्शन मोड में आ गए। उन्होंने अचानक छापेमारी कर इस लूट के अड्डे का भंडाफोड़ कर दिया। जांच के दौरान जो नजारा सामने आया, उसे देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए हर स्टेप पर नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही थीं।
रेड के दौरान आधार बनाने और अपडेट करने में इस्तेमाल होने वाली मशीनें और अन्य उपकरण जब्त कर लिए गए। शुरुआती जांच में साफ हो गया कि सेंटर संचालक तय सरकारी शुल्क से कई गुना ज्यादा रकम वसूल रहा था। इस ‘अवैध कमाई’ के चलते आम लोगों को आर्थिक मार झेलनी पड़ रही थी, और उनकी मजबूरी का फायदा उठाया जा रहा था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिले के ज्यादातर आधार सेंटरों पर यही हाल है कुछ को छोड़ दिया जाए तो बाकी जगह रिश्वत दो, काम लो का फॉर्मूला चलता है। बिना पैसे दिए आम आदमी को सिर्फ चक्कर ही लगाने पड़ते हैं। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि आधार कार्ड बनवाने या अपडेट कराने के लिए सरकार द्वारा तय शुल्क ही लिया जा सकता है। इससे ज्यादा वसूली करना सीधा-सीधा गैरकानूनी है और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
फिलहाल इस पूरे मामले में कानूनी प्रक्रिया जारी है और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। लेकिन बड़ा सवाल अब भी कायम है क्या ये कार्रवाई बाकी लूट के अड्डों पर भी होगी, या फिर ये खेल किसी और गली में शिफ्ट होकर फिर से शुरू हो जाएगा?