बेगूसराय में इंसानियत शर्मसार, दुष्कर्म पीड़िता ने पंचायत पर लगाया थूक चटवाने का आरोप, आरोपी फरार, पुलिस जांच में जुटी

एक दुष्कर्म पीड़िता ने आरोप लगाया है कि न्याय की उम्मीद लेकर पंचायत पहुंचने पर उसे इंसाफ नहीं, बल्कि कथित तौर पर बेइज्जती और अमानवीय व्यवहार का सामना करना पड़ा।

बेगूसराय में इंसानियत शर्मसार- फोटो : reporter

Begusarai: जिले से इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। एक दुष्कर्म पीड़िता ने आरोप लगाया है कि न्याय की उम्मीद लेकर पंचायत पहुंचने पर उसे इंसाफ नहीं, बल्कि कथित तौर पर बेइज्जती और अमानवीय व्यवहार का सामना करना पड़ा। पीड़िता का दावा है कि पंचायत में उसे कथित रूप से थूक चटवाया गया, जबकि दुष्कर्म का आरोपी, जो रिश्ते में उसका भतीजा बताया जा रहा है, वारदात के बाद से फरार है।

पीड़िता के अनुसार, उसके साथ दुष्कर्म की घटना के बाद जब उसने आरोपी के खिलाफ आवाज उठाई तो गांव में पंचायत बुलाई गई। लेकिन वहां आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय उसे ही कथित तौर पर अपमानित किया गया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि वह इस घटना के कारण गर्भवती हो गई है और आरोपी लगातार फरार चल रहा है।

घटना सामने आने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है। पीड़िता और उसके परिजनों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि न सिर्फ आरोपी को गिरफ्तार किया जाए, बल्कि पंचायत में कथित तौर पर अपमानजनक व्यवहार करने वाले लोगों पर भी कानून के तहत कार्रवाई हो।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पीड़िता के आवेदन के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज कर ली है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।

पुलिस पदाधिकारी ने बताया कि दुष्कर्म के आरोपों के साथ-साथ पंचायत में पीड़िता के साथ कथित रूप से हुए अपमानजनक व्यवहार की भी अलग से जांच की जा रही है। यदि जांच के दौरान आरोप सही पाए जाते हैं, तो इस मामले में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और सभी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मामले को लेकर किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और जांच में सहयोग करें। अधिकारियों का कहना है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है।फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की पड़ताल में जुटी है। आरोपी की गिरफ्तारी, मेडिकल एवं अन्य साक्ष्यों और जांच रिपोर्ट के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

रिपोर्ट- अजय शास्त्री