Bihar Crime: गाड़ियों के चोरों का इंटरनेशनल रैकेट ध्वस्त, हाजीपुर से लेकर नेपाल तक फैली थी चेन, एक सुराग से खुला पूरे चोर साम्राज्य का राज

Bihar Crime: पुलिस ने ताबड़तोड़ छापेमारी कर अंतरजिला वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया।...

रात के अंधेरे में चलता था व्हीकल सिंडिकेट- फोटो : reporter

Bihar Crime: बिहार से एक बेहद चौंकाने वाली वारदात का पर्दाफाश हुआ है, जहाँ वैशाली थाना पुलिस ने गुप्त सूचना पर ताबड़तोड़ छापेमारी कर अंतरजिला वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया। इस हाई-प्रोफाइल ऑपरेशन में बोलेरो, मोटरसाइकिल समेत कई चोरी के सामान के साथ आधा दर्जन माहिर उचक्कों को दबोच लिया गया।

पुलिस की गिरफ्त में आए ये बदमाश वैशाली और सारण जिला के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पूछताछ में इन शातिर दिमागों ने जो खुलासा किया, उसने पुलिस महकमे को भी हैरान कर दिया। गिरोह का नेटवर्क इतना तगड़ा था कि ये अलग-अलग जिलों से गाड़ियां उड़ा कर सीतामढ़ी के रास्ते नेपाल तक सप्लाई कर देते थे जहाँ इन्हें मोटी रकम में बेचा जाता था।

मामले का खुलासा करते हुए एसपी विक्रम सिहाग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि 19 मार्च की रात गश्ती के दौरान भगवानपुर रत्ती के पास पुलिस ने बोलेरो और अपाचे पर सवार चार संदिग्धों को घेर लिया था। मौके से नैयाज हुसैन और तसलीम आरिफ को दबोच लिया गया, जबकि बाकी फरार हो गए थे।

इसके बाद शुरू हुआ ऑपरेशन क्लीन-अप। एसडीपीओ सुबोध कुमार के नेतृत्व में गठित स्पेशल टीम ने फरार आरोपियों का पीछा कर एक-एक कर सभी को धर दबोचा। रामभरोसे कुमार की निशानदेही पर सचिन कुमार को उसके गैराज से चोरी की अपाचे बाइक के साथ पकड़ा गया। फिर महेश राय और विशाल कुमार को ग्लेमर बाइक के साथ गिरफ्तार किया गया।

पूछताछ की कड़ियां आगे बढ़ीं तो रेयाज आलम के गैराज से कटे हुए बोलेरो पार्ट्स बरामद हुए, जबकि रोहित कुमार को दो चोरी की बोलेरो के साथ लालगंज इलाके से दबोचा गया।

पुलिस का कहना है कि यह गिरोह बेहद प्रोफेशनल अंदाज में वारदात को अंजाम देता था और सीमापार नेटवर्क के जरिए माल खपाता था। फिलहाल सभी आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई ने साफ कर दिया है कि अपराध चाहे कितना भी स्मार्ट क्यों न हो, कानून के शिकंजे से बच पाना नामुमकिन है।

रिपोर्ट- ऋषभ कुमार