पूर्व सेना प्रमुख की अनपब्लिश्ड किताब पर बवाल: दिल्ली पुलिस ने दर्ज की FIR, राहुल गांधी के दावों से गरमाई सियासत

पूर्व थल सेना प्रमुख जनरल (रिटायर्ड) एम.एम. नरवणे की अप्रकाशित किताब 'Four Stars of Destiny' को लेकर दिल्ली पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। यह मामला अब एक बड़े राजनीतिक विवाद का रूप ले चुका है, जिससे संसद की कार्यवाही भी प्रभावित हुई है

New Delhi - : पूर्व थल सेना प्रमुख जनरल (रिटायर्ड) एम.एम. नरवणे की अभी तक प्रकाशित न हुई किताब ‘Four Stars of Destiny’ विवादों के केंद्र में आ गई है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने इस किताब की सामग्री के कथित लीक और बिना अनुमति सोशल मीडिया पर इसके प्रसार को लेकर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 

बिना मंजूरी के पीडीएफ वायरल होने का आरोप

दिल्ली पुलिस के आधिकारिक बयान के अनुसार, सोशल मीडिया और ऑनलाइन न्यूज़ फोरम पर यह जानकारी सामने आई थी कि किताब की प्री-प्रिंट कॉपियां बिना अनिवार्य मंजूरी के सर्कुलेट की जा रही हैं। पुलिस ने सत्यापन के दौरान पाया कि पेंगुइन रैंडम हाउस द्वारा तैयार इसी शीर्षक वाली एक टाइपसेट किताब की पीडीएफ कॉपी कुछ वेबसाइट्स पर उपलब्ध है। इसके अलावा, कुछ ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर किताब का कवर इस तरह दिखाया गया है जैसे वह बिक्री के लिए तैयार हो, जबकि इसे अभी तक सक्षम प्राधिकरणों से आवश्यक अनुमति प्राप्त नहीं हुई है। 

संसद में राहुल गांधी का पलटवार

यह कानूनी मामला अब एक गंभीर राजनीतिक मुद्दा बन चुका है। पिछले सप्ताह कांग्रेस नेता राहुल गांधी को संसद परिसर में इस किताब की एक कथित प्रति दिखाते हुए देखा गया था, जिसके बाद सदन में भारी हंगामा हुआ। सोमवार को राहुल गांधी ने एक बड़ा दावा करते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब देने सदन में इसलिए नहीं आए क्योंकि वह जनरल नरवणे की किताब से जुड़े सवालों से डर रहे थे। 

आठ सांसदों पर गिरी गाज

किताब के मुद्दे पर संसद में हुए हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही कई बार बाधित हुई। इस विवाद के चलते बजट सत्र के शेष हिस्से के लिए आठ सांसदों को निलंबित कर दिया गया है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार इस किताब में मौजूद संवेदनशील जानकारियों को दबाने की कोशिश कर रही है, जबकि पुलिस नियमों के उल्लंघन और डेटा लीक के कोण से इसकी जांच कर रही है। 

जांच के घेरे में 'पेंगुइन रैंडम हाउस'

पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि यह सामग्री कैसे और किन माध्यमों से सार्वजनिक हुई। जांच का एक हिस्सा पब्लिशिंग हाउस की ओर भी इशारा कर रहा है, क्योंकि वायरल हो रही पीडीएफ को कथित तौर पर 'पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड' द्वारा तैयार किया गया बताया जा रहा है। स्पेशल सेल अब लीक के स्रोत का पता लगाने के लिए डिजिटल फोरेंसिक की मदद ले रही है।