"हर घर नल का जल" के लिए पांच साल में 4706 करोड़ खर्च करेगा पीएचईडी, 1114 कार्य निरीक्षक की होगी नियुक्ति

PATNA : बिहार में हर घर नल का जल योजना के तहत अगले पांच साल में बिहार सरकार 4706 करोड़ रुपए खर्च करेगी। इसको लेकर आज उप मुख्यमंत्री-सह-माननीय मंत्री, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग  विजय कुमार सिन्हा द्वारा प्रधान सचिव एवं अभियंता प्रमुख-सह-विशेष सचिव महोदय के साथ विभागीय कार्यों के संबंध में समीक्षा बैठक में स्वीकृति प्रदान की गई।

बताया गया कि स्वीकृत राशि   "हर घर नल का जल" के तहत कुल 10719 अद्द छूटे हुए टोलों/बसावटों में पेयजल की व्यवस्था हेतु जलापूर्ति योजना के निर्माण एवं पाँच वर्षों के परिचालन तथा रख-रखाव पर खर्च किया जाएगा। उक्त योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु कुल 1159 ग्रुपों में निविदा आमंत्रित की गई है। निविदा प्राप्ति की समीक्षा के आलोक में अद्यतन 141 ग्रुपों हेतु पुनर्निविदा आमंत्रित की जा चूकी है, और समीक्षोपरांत ग्रुपों के लिए पुनर्निविदा आमंत्रण संभावित है।

बैठक में बताया गया कि पंचायती राज विभाग द्वारा क्रियान्वित कुल 70157 योजनाओं को विभाग द्वारा टेक ओभर किया गया, कुल प्राप्त 70157 योजनाओं में से 14976 योजनाएँ पूर्णतः चालू 32115 योजनाऐं आंशिक रूप से चालू, 23066 योजनाएँ बन्द अवस्था में प्राप्त की गई है।

उक्त पंचायती राज विभाग द्वारा हस्तांतरित 32115 आंशिक रूप से चालू योजनाओं में से 11878 योजनाओं को पूर्ण रूप से चालू किया गया हैं, 23066 बन्द योजनाओं में से 12675 योजनाओं को चालू किया गया। विभाग अन्तर्गत कुल 1114 अद्द कार्य निरीक्षक के पदों की स्वीकृति प्रदान की गई है। इनकी नियुक्ति हेतु नियमावली तैयार की जा रही है।

लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग अन्तर्गत "हर घर नल का जल" निश्चय के तहत कुल 56447 अद्द लक्षित वार्डों के विरुद्ध 55951 अद्द वाडों में कार्य पूर्ण किया जा चुका है, जिसमें गैर-गुणवत्ता से संबंधित 26206 अद्द वार्ड एवं गुणवत्ता प्रभावित 29745 वार्ड है। उक्त वार्डों के तहत लक्षित कुल 84.58 लाख घरों के विरुद्ध 83.24 लाख घरों में जलापूर्ति की जा रही है। पूर्ण की गयी योजनाओं का मरम्मति एवं संपोषण का कार्य निर्गत विभागीय संकल्प के प्रावधानों के अनुसार किया जा रहा है।

हर दिन की जा रही है मॉनिटरिंग

इन सभी योजनाओं का मोनेटिरिंग प्रतिदिन 101 के माध्यम से की जाती है तथा प्रत्येक शुक्रवार को इसकी समीक्षा की जाती है। किसी भी प्रकार की शिकायत विभागीय टॉल फ्री न0:- 18001231121 पर की जा सकती है।

विभाग अन्तर्गत कुल 15  वाटर एटीएम, 458 अद्द टैंकर, 17 जलदूत से आवश्यकतानुसार जलापूर्ति दी जाती है। विभाग अन्तर्गत 38 अद्द जिला स्तरीय एवं 75 अवर प्रमंडल स्तरीय जल-जाँच प्रयोगशाला कार्यरत है। राज्य स्तर पर स्टेट रेफरल लेव कार्यरत है। कुल 11  प्रयोगशाला NABL से मान्यता प्राप्त है।