जनसुराज करेगा बड़ा सियासी खेला ! बांकीपुर जीत के बाद अचानक मुंबई पहुंचे प्रशांत किशोर, NCP प्रमुख सुनेत्रा पवार से मुलाकात
प्रशांत किशोर का यह दौरा इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जीत के बाद यह उनका पहला मुंबई दौरा है। बिहार की राजनीति में मिली सफलता के तुरंत बाद उनका महाराष्ट्र पहुंचना कई तरह की अटकलों को जन्म दे रहा है।
Prashant Kishor met Sunetra Pawar : बिहार के बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जीत दर्ज करने के बाद जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर गुरुवार को अचानक मुंबई पहुंच गए। यहां उन्होंने महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी-अजित पवार गुट) की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनेत्रा पवार से मुलाकात की। इस बैठक के बाद महाराष्ट्र और बिहार, दोनों राज्यों के राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। जानकारी के मुताबिक, यह मुलाकात मुंबई स्थित 'देवगिरी' बंगले में हुई। बैठक में एनसीपी सांसद पार्थ पवार भी मौजूद रहे।
सूत्रों के अनुसार, बातचीत के दौरान महाराष्ट्र के मौजूदा राजनीतिक हालात, संगठन के विस्तार और भविष्य की राजनीतिक रणनीति समेत कई मुद्दों पर चर्चा हुई। हालांकि, एनसीपी नेताओं ने इसे सामान्य शिष्टाचार मुलाकात बताते हुए किसी बड़े राजनीतिक संकेत से इनकार किया है।
प्रशांत किशोर का यह दौरा इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जीत के बाद यह उनका पहला मुंबई दौरा है। बिहार की राजनीति में मिली सफलता के तुरंत बाद उनका महाराष्ट्र पहुंचना कई तरह की अटकलों को जन्म दे रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले समय में राष्ट्रीय स्तर पर नए राजनीतिक समीकरणों की संभावनाओं को लेकर भी इस मुलाकात को देखा जा रहा है।
हालांकि, जन सुराज या एनसीपी की ओर से बैठक के एजेंडे को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि यह मुलाकात राजनीतिक और संगठनात्मक मुद्दों पर विचार-विमर्श के लिए थी और इसे किसी संभावित गठबंधन या नई राजनीतिक रणनीति से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार की मुलाकात हुई हो। करीब दो महीने पहले भी दोनों नेताओं के बीच बैठक हुई थी। उस समय सांसद पार्थ पवार ने कहा था कि प्रशांत किशोर को राजनीति और समाज की गहरी समझ है तथा उनके साथ राज्य और देश की राजनीति से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई थी।
अब बांकीपुर की जीत के बाद प्रशांत किशोर का अचानक मुंबई पहुंचना और एनसीपी नेतृत्व से मुलाकात करना राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, इस मुलाकात के पीछे की वास्तविक राजनीतिक रणनीति क्या है, इस पर फिलहाल दोनों पक्षों ने चुप्पी साध रखी है।