आजादी के जश्न में इतिहास का नया अध्याय! लाल किले पर पहली बार वंदे मातरम् की गूंज, 21 तोपों की सलामी से देश हुआ रोमांचित
Independence Day 2026: देश आज 80वां स्वतंत्रता दिवस पूरे जोश, जज्बे और राष्ट्रभक्ति के रंग में मना रहा है। ...
Independence Day 2026: देश आज 80वां स्वतंत्रता दिवस पूरे जोश, जज्बे और राष्ट्रभक्ति के रंग में मना रहा है। दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले पर इस बार समारोह ने एक नया इतिहास रच दिया। पहली बार लाल किले पर ‘वंदे मातरम्’ का गायन हुआ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 13वीं बार लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराया। इसके बाद राष्ट्रगान हुआ और भारतीय सेना की ओर से 21 तोपों की सलामी दी गई। तिरंगे के सम्मान में गूंजती तोपों की आवाज ने पूरे माहौल को देशभक्ति के जज्बे से भर दिया।समारोह का एक और खास आकर्षण ज्ञानपथ पर दिखाई दिया, जहां करीब 2,500 NCC कैडेट और MY Bharat वॉलंटियर्स ने ‘वंदे मातरम्’ की आकृति बनाकर राष्ट्रगीत को अनोखे अंदाज में सलाम किया। लाल किले से लेकर ज्ञानपथ तक देशभक्ति की तस्वीर साफ नजर आई।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन की शुरुआत देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देकर की। उन्होंने कहा कि आज हर घर तिरंगा है और हर मन तिरंगा है। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के महान सेनानियों को नमन करते हुए महात्मा गांधी समेत उन सभी वीरों को श्रद्धांजलि दी, जिनके त्याग और बलिदान से देश को आजादी मिली।पीएम ने कहा कि कोई भी देश तभी महान बनता है, जब वह अपने सपनों को हासिल करने के लिए दृढ़ संकल्प और सामर्थ्य के साथ आगे बढ़ता है। अब भारत छोटे सपनों से चलने वाला देश नहीं है। बड़े सपने देश की सोच का विस्तार करते हैं और बड़े संकल्प राष्ट्र को नई मंजिल तक ले जाते हैं।
प्रधानमंत्री ने 2047 तक विकसित भारत बनाने के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि आजादी के 100 वर्ष पूरे होने तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाना है। उनका कहना था कि जब दुनिया की सबसे बड़ी आबादी वाला देश विकसित भारत का संकल्प लेता है, तो दुनिया का नजरिया भी भारत के प्रति बदलने के लिए मजबूर होता है।अपने संबोधन में पीएम मोदी ने पिछले वर्षों की उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि करीब 12 वर्षों में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं और भारत दुनिया की सबसे तेज गति से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हुआ है। उन्होंने कहा कि 140 करोड़ भारतीयों के संकल्प को रोकना अब मुश्किल है।
प्रधानमंत्री ने रक्षा उत्पादन, खादी, इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग और मोबाइल उत्पादन में हुई वृद्धि का उल्लेख किया। उनके अनुसार रक्षा उत्पादन चार गुना, खादी एवं ग्रामोद्योग पांच गुना और इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग सात गुना बढ़ी है। रेलवे कोच निर्माण में 21 गुना और मोबाइल फोन उत्पादन में 33 गुना वृद्धि का दावा किया गया। इंटरनेट यूजर्स और डिजिटल ट्रांजैक्शन में भी बड़ी बढ़ोतरी का जिक्र किया गया।
सरकारी योजनाओं की उपलब्धियां गिनाते हुए पीएम ने नल से जल, गैस कनेक्शन, शौचालय निर्माण और गरीबों के लिए आवास की रफ्तार बढ़ने की बात कही। इन आंकड़ों के जरिए उन्होंने सरकार के विकास मॉडल और योजनाओं की पहुंच को रेखांकित किया।समारोह में इस बार देशभर से चुनकर आए 5,000 से ज्यादा विशेष अतिथियों की मौजूदगी भी खास रही। इनमें युवा इनोवेटर्स, पीएम इंटर्नशिप योजनाके इंटर्न, स्टार्टअप से जुड़े युवा, PM कौशल विकास योजना से प्रशिक्षित युवा और MY Bharat वॉलंटियर्स शामिल रहे।
अंतरराष्ट्रीय भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान और गणित ओलंपियाड-2026 के 19 पदक विजेता छात्रों को भी सम्मानित किया जाना है। इसके अलावा NAMASTE, PM-AJAY और SEED जैसी योजनाओं के लाभार्थियों को भी विशेष अतिथि के तौर पर आमंत्रित किया गया। दिल्ली सरकार के स्कूलों में क्विज और प्रतियोगिताओं में चयनित छात्रों को भी इस ऐतिहासिक समारोह का हिस्सा बनाया गया।
इतने बड़े आयोजन के बीच सुरक्षा का घेरा भी अभेद रखा गया है। कार्यक्रम की सुरक्षा में 15 से 20 हजार जवान तैनात किए गए हैं और 1,000 से अधिक CCTV कैमरों से निगरानी की जा रही है। लाल किले के आसपास सुरक्षा एजेंसियां चप्पे-चप्पे पर नजर रख रही हैं।इस तरह 80वें स्वतंत्रता दिवस का लाल किला समारोह सिर्फ तिरंगा फहराने और 21 तोपों की सलामी तक सीमित नहीं रहा। पहली बार ‘वंदे मातरम्’ की गूंज, हजारों युवाओं की भागीदारी, विशेष अतिथियों की मौजूदगी और विकसित भारत के संकल्प ने इस समारोह को राष्ट्रभक्ति, विरासत और नए भारत के सपनों का संगम बना दिया।