बगहा में फर्जी प्रमाणपत्र से शिक्षक बने दो आरोपितों पर FIR, निगरानी जांच के बाद बढ़ी कार्रवाई

मामला बगहा-1 प्रखंड के राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवका टोला, बड़गांव और राजकीय मध्य विद्यालय बड़गांव से जुड़ा है। पदस्थापित पंचायत शिक्षक राजेश प्रसाद यादव और राजकीय मध्य विद्यालय बड़गांव की पंचायत शिक्षिका शांति मिश्रा के खिलाफ दर्ज की गई है।

Bagaha
Bagaha- फोटो : news4nation

Bihar News : फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र के आधार पर सरकारी शिक्षक की नौकरी हासिल करने के मामले में बगहा में बड़ी कार्रवाई हुई है। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की जांच और निर्देश के बाद नगर थाना में एक पंचायत शिक्षक और एक पंचायत शिक्षिका के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। FIR दर्ज होने के बाद दोनों आरोपित अपने-अपने घर से अनुपस्थित बताए जा रहे हैं। 


पुलिस अब उनकी तलाश के साथ पूरे मामले की जांच में जुटी है। मामला बगहा-1 प्रखंड के राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवका टोला, बड़गांव और राजकीय मध्य विद्यालय बड़गांव से जुड़ा है। प्राथमिकी राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवका टोला में पदस्थापित पंचायत शिक्षक राजेश प्रसाद यादव और राजकीय मध्य विद्यालय बड़गांव की पंचायत शिक्षिका शांति मिश्रा के खिलाफ दर्ज की गई है।


सत्यापन में फर्जी पाए गए प्रमाणपत्र

निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की जांच के दौरान दोनों शिक्षकों के शैक्षणिक प्रमाणपत्रों का सत्यापन बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड, पटना से कराया गया था। बोर्ड की ओर से 3 अगस्त 2023 को जारी सत्यापन रिपोर्ट में संबंधित मध्यमा (संस्कृत) के अंकपत्रों को बोर्ड द्वारा निर्गत नहीं किए जाने की बात सामने आई। जांच में प्रमाणपत्रों को फर्जी बताया गया। इसके बाद निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने दोनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने का निर्देश दिया। विभागीय स्तर पर कार्रवाई के साथ अब पुलिस भी मामले की जांच कर रही है।


2005-06 के शिक्षक नियोजन से जुड़ा मामला

आरोप है कि वर्ष 2005 और 2006 में हुए शिक्षक नियोजन के दौरान दोनों ने कथित रूप से कूटरचित शैक्षणिक एवं प्रशिक्षण प्रमाणपत्रों को वास्तविक बताकर पंचायत शिक्षक के पद पर नियुक्ति हासिल की। जांच रिपोर्ट में इस मामले को संज्ञेय अपराध मानते हुए प्रमाणपत्र तैयार करने या फर्जीवाड़े में सहयोग करने वाले अन्य संभावित लोगों की भूमिका की भी जांच की आवश्यकता जताई गई है।


विभाग और पुलिस की जांच जारी

प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी पूरण कुमार शर्मा ने बताया कि प्रमाणपत्रों की जांच में फर्जीवाड़े की पुष्टि होने के बाद निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के निर्देश पर नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। विभागीय कार्रवाई के साथ पुलिस जांच भी जारी है। इधर, FIR दर्ज होने के बाद दोनों आरोपितों के घर से अनुपस्थित होने की सूचना है। पुलिस उनकी तलाश कर रही है और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच में जुटी है। जांच आगे बढ़ने के साथ इस फर्जीवाड़े में अन्य लोगों की संलिप्तता भी सामने आ सकती है।

धीरज पाराशर की रिपोर्ट