Bihar Sugar mills: बिहार का गोपालगंज जिला कभी गन्ने की खेती और चीनी मिलों के लिए जाना जाता था, लेकिन अब चीनी मिलों के बंद होने से गन्ना किसानों की समस्याएं बढ़ गई हैं। हालाँकि, बिहार सरकार ने हाल ही में गन्ना किसानों के लिए एक बड़ी राहत की घोषणा की है, जिससे इन मिलों के फिर से चालू होने की उम्मीद जगी है। सरकार के गन्ना उद्योग मंत्री कृष्णनंदन पासवान ने इस बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी है, जो गन्ना किसानों के चेहरे पर मुस्कान ला सकती है।
बिहार में चीनी मिलों का फिर से खुलना
गन्ना उद्योग मंत्री ने बताया कि बिहार में लंबे समय से बंद तीन चीनी मिलों को फिर से चालू करने की योजना बनाई जा रही है। इनमें सीतामढ़ी और गोपालगंज जिले की मिलें भी शामिल हैं। मंत्री के अनुसार, पहले से बंद रीगा चीनी मिल को चालू किया जा चुका है, और अब गोपालगंज के सासामुसा चीनी मिल सहित अन्य मिलों को भी जल्द चालू करने की योजना पर विचार हो रहा है। इसके लिए रिपोर्ट तैयार की जा रही है, और सरकार जल्द ही इन चीनी मिलों को चालू करने की दिशा में कदम उठाएगी।
गन्ना किसानों के लिए सरकारी योजनाएं
गन्ना किसानों को राहत देने के लिए बिहार सरकार ने कई योजनाएं शुरू की हैं। गन्ने की मूल कीमत में प्रति क्विंटल 20 रुपये की वृद्धि की गई है, जिससे किसानों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री गन्ना विकास योजना के तहत उत्तम खाद, उत्तम बीज और कृषि यंत्रों पर अनुदान दिया जा रहा है। सरकार ने उन इलाकों में गुड़ प्रोसेसिंग प्लांट लगाने की भी योजना बनाई है, जहां गन्ना की खेती धीरे-धीरे समाप्त हो रही है, ताकि गन्ना उत्पादन को फिर से बढ़ावा दिया जा सके।
गुड़ प्रोसेसिंग प्लांट पर जोर
सरकार उन किसानों को 50% अनुदान देकर गुड़ प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित करने के लिए प्रेरित कर रही है, जो गन्ना की खेती में सक्रिय हैं। इससे गन्ने का उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलेगी और किसानों को गन्ना उत्पादन से अधिक लाभ मिलेगा।
राज्य सरकार की प्रतिबद्धता
बिहार सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह गन्ना किसानों को समर्थन देने के लिए प्रतिबद्ध है और आने वाले दिनों में गन्ना की खेती को और प्रोत्साहन देने के लिए कदम उठाएगी। साथ ही, बंद चीनी मिलों को फिर से चालू करने के प्रयास भी जारी रहेंगे।
गन्ना किसानों के लिए एक बड़ी राहत
बिहार में बंद चीनी मिलों का फिर से खुलना गन्ना किसानों के लिए एक बड़ी राहत साबित हो सकता है। राज्य सरकार की योजनाएं और प्रयास इस दिशा में गन्ना किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत करने और कृषि उत्पादन बढ़ाने में मदद करेंगे।