Munger Drone Fair: मुंगेर में 550 ड्रोन का अद्भुत नजारा! पोलो मैदान में लेजर शो ने मोहा दिल
Munger Drone Fair: मुंगेर के पोलो मैदान में 550 ड्रोन और लेजर शो से ऐतिहासिक स्थलों की झलक देखने को मिली। इस दौरान हजारों लोग बने गवाह।
Munger Drone Fair: मुंगेर की ऐतिहासिक धरती पर मंगलवार, 5 मई 2026 की शाम एक यादगार पल बन गई, जब पोलो मैदान में भव्य लेजर शो की शुरुआत हुई। जैसे ही शो शुरू हुआ, रंग-बिरंगी रोशनी ने आसमान को चमका दिया और उसमें मुंगेर की पहचान उभरने लगी। योग गुरु स्वामी निरंजनानंद सरस्वती, बिहार योगाश्रम, बड़ी दुर्गा महारानी, कष्टहरणी घाट, मुंगेर किला और बड़ा हनुमान मंदिर जैसे प्रमुख धार्मिक और ऐतिहासिक स्थल एक-एक करके रोशनी में दिखाई देने लगे। इन दृश्यों को देखकर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए और हर दृश्य पर तालियों की गूंज पूरे मैदान में सुनाई देती रही।
इसके बाद 550 ड्रोन का शानदार शो शुरू हुआ। सभी ड्रोन एक साथ आसमान में उड़ते हुए मुंगेर के 12 गौरवशाली स्थलों की आकृतियां बनाने लगे। इस दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, केंद्रीय मंत्री ललन सिंह और उप मुख्यमंत्री विजय चौधरी की आकृतियां भी आसमान में बनाई गईं। जिले में इस स्तर का इतना बड़ा और आधुनिक कार्यक्रम पहली बार देखने को मिला।
मुंगेर के पोलो मैदान पहुंचे लोग
इस कार्यक्रम को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पोलो मैदान पहुंचे। बच्चे, युवा और बुजुर्ग सभी इस खास पल को अपने मोबाइल कैमरे में कैद करते नजर आए। कार्यक्रम के दौरान परमहंस स्वामी निरंजनानंद सरस्वती ने कहा कि योग केवल शरीर के आसन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह विचारों को साफ करने और चेतना को जागृत करने का माध्यम है। उन्होंने बताया कि स्वामी सत्यानंद के पदार्पण दिवस के अवसर पर इस तरह के आयोजन किए जा रहे हैं। इस आयोजन के लिए प्रशासन और आयोजकों ने अच्छी तैयारी की थी। करीब 15 हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई थी। साथ ही प्रवेश और निकास के लिए बेहतर इंतजाम किए गए थे और सुरक्षा का भी खास ध्यान रखा गया था। शहर के अलग-अलग हिस्सों से लोग यहां पहुंचे और इस खास आयोजन के गवाह बने। मुंगेर में हुए इस भव्य कार्यक्रम ने शहर की ऐतिहासिक और धार्मिक पहचान को एक नई पहचान दी है। साथ ही आधुनिक तकनीक के जरिए सांस्कृतिक विरासत को पेश करने का एक नया तरीका भी दिखाया है।
मुंगेर से इम्तियाज की रिपोर्ट