Patna Boat Accident: गंगा में समा गईं तीन बाइक, पटना में ओवरलोड नाव टूटी, बाल-बाल बची कई जिंदगियां

Patna Boat Accident: पटना में गंगा नदी में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। ...

Boat Breaks in Bakhtiyarpur
ओवरलोड नाव टूटी- फोटो : reporter

Patna Boat Accident:  पटना में गंगा नदी में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया।  बख्तियारपुर के चिरैया दियारा के पास यात्रियों और सामान से लदी नाव अचानक टूट गई। नाव पर सवार तीन बाइक देखते ही देखते गंगा में जा गिरीं। नाव टूटने के बाद उस पर सवार लोगों में अफरा-तफरी मच गई और कई लोग अपनी जान बचाने के लिए नदी में कूद पड़े। हालांकि, राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, घटना बुधवार शाम करीब चार बजे की है। बताया जा रहा है कि नाव क्षमता से अधिक लोगों और सामान को लेकर गंगा पार कर रही थी। अधिक भार होने के कारण नाव पानी में काफी नीचे तक बैठ गई थी। इसी दौरान रास्ते में एक सड़क के संपर्क में आने के बाद नाव उससे टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि नाव टूट गई और उस पर रखी तीन बाइक गंगा में गिर गईं।

नाव के अचानक टूटते ही यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कुछ लोग घबराकर अपनी जान बचाने के लिए नदी में कूदने लगे। मौके पर मौजूद लोगों और अन्य माध्यमों से कई यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई।

घटना के बाद इलाके में नावों के जरिए गंगा पार करने वाले यात्रियों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। क्षमता से अधिक यात्रियों और सामान को नाव पर लादे जाने की बात सामने आने के बाद यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतनी भीड़ के बावजूद नाव को नदी में चलने की अनुमति कैसे मिली।

बताया जा रहा है कि हादसे के दौरान नाव पर सवार लोगों की जान पर बन आई थी। अगर समय रहते बचाव नहीं होता तो स्थिति बेहद गंभीर हो सकती थी। गंगा में गिरी तीनों बाइक को निकालने के लिए भी प्रयास किए जाने की जानकारी सामने आई है।इस घटना का वीडियो गुरुवार सुबह करीब नौ बजे सामने आया। वीडियो में नाव के सड़क में फंसने और टूटने के बाद की स्थिति दिखाई दे रही है। वीडियो सामने आने के बाद घटना तेजी से चर्चा में आ गई है।

फिलहाल हादसे में किसी व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है। हालांकि, घटना ने गंगा में चलने वाली नावों में सुरक्षा मानकों और क्षमता से अधिक भार ढोने की व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन की ओर से मामले में क्या कार्रवाई की जाती है, इस पर अब लोगों की नजर है।

रिपोर्ट- रविशंकर