Assembly Election Results: केरल, पश्चिम बंगाल समेत 5 राज्यों का फैसला आज! किसके सिर सजेगा सत्ता का ताज?, कौन बनाएगा सरकार?

Assembly Election Results: देश के पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को सामने आने वाले हैं। इस दौरान बंगाल से असम तक परिणाम देश की राजनीति की तय करेंगे।

Assembly Election Results
देश की नजरें नतीजों पर!- फोटो : social media

Assembly Election Results: देश के पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के नतीजे सोमवार (4 मई 2026) को आने वाले हैं और इन पर पूरे देश की नजर बनी हुई है। पुडुचेरी को छोड़ दें तो पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और असम के नतीजे भारतीय राजनीति पर बड़ा असर डाल सकते हैं।सबसे ज्यादा चर्चा पश्चिम बंगाल को लेकर है। यहां का परिणाम न सिर्फ तृणमूल कांग्रेस के लिए, बल्कि विपक्षी गठबंधन के लिए भी काफी अहम माना जा रहा है। अगर ममता बनर्जी जीत जाती हैं, तो क्षेत्रीय दलों की ताकत को मजबूती मिलेगी। लेकिन अगर भाजपा जीतती है, तो यह संकेत होगा कि पार्टी अब सिर्फ हिंदी राज्यों तक सीमित नहीं रही और दूसरे राज्यों में भी अपनी पकड़ बना रही है।

केरल में भी मुकाबला दिलचस्प है। अगर यहां वाम दलों की हार होती है, तो कई सालों बाद देश में कहीं भी उनकी सरकार नहीं बचेगी। वहीं अगर कांग्रेस के नेतृत्व वाला यूडीएफ जीतता है, तो दक्षिण भारत में कांग्रेस की स्थिति और मजबूत होगी। भाजपा भी यहां अपनी मौजूदगी बढ़ाने की कोशिश में है और उसे कुछ सीटें मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

तमिलनाडु में नए समीकरण बन सकते हैं

तमिलनाडु में इस बार नए समीकरण बन सकते हैं। यहां लंबे समय से अन्नाद्रमुक और द्रमुक के बीच राजनीति चलती रही है, लेकिन इस बार विजय की पार्टी टीवीके के आने से मुकाबला बदल सकता है। कुछ एग्जिट पोल में टीवीके के अच्छे प्रदर्शन की बात कही गई है, जिससे राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। असम में भाजपा लगातार तीसरी बार सरकार बनाने की कोशिश में है। अगर ऐसा होता है, तो पूर्वोत्तर भारत में उसकी पकड़ और मजबूत हो जाएगी। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की स्थिति भी और मजबूत हो सकती है।

मतगणना सुबह 8 बजे से शुरू होगी

एग्जिट पोल के अनुसार, पश्चिम बंगाल और असम में भाजपा को बढ़त दिखाई गई है, जबकि केरल में यूडीएफ और तमिलनाडु में द्रमुक के जीतने का अनुमान लगाया गया है। हालांकि असली तस्वीर नतीजों के बाद ही साफ होगी। मतगणना सुबह 8 बजे से शुरू होगी, जिसमें सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती की जाएगी। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और पहली बार मतगणना कर्मियों के लिए क्यूआर कोड वाला पहचान पत्र लागू किया गया है, ताकि किसी भी अनधिकृत व्यक्ति को अंदर आने से रोका जा सके।

पश्चिम बंगाल में  मतगणना से पहले माहौल तनावपूर्ण

पश्चिम बंगाल में 293 सीटों के लिए 77 केंद्रों पर मतगणना होगी, लेकिन फलता सीट को अलग रखा गया है क्योंकि वहां दोबारा मतदान 21 मई को कराया जाएगा। राज्य में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, क्योंकि मतगणना से पहले माहौल थोड़ा तनावपूर्ण बना हुआ है। चुनाव आयोग ने पारदर्शिता बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पर्यवेक्षकों की तैनाती की है और मतगणना केंद्रों के अंदर मोबाइल फोन ले जाने पर भी रोक लगा दी गई है।