जनगणना 2027 का काउंटडाउन शुरू: बिहार में मई से होगी मकानों की गिनती, मुख्य सचिव ने बुलाई हाई-लेवल मीटिंग

जनगणना 2027 के महाभियान का बिगुल बज गया है । मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में 23 फरवरी 2026 को पटना के अधिवेशन भवन में एक महत्वपूर्ण राज्य स्तरीय सम्मेलन आयोजित होने जा रहा है, जिसमें जनगणना के प्रथम चरण की रणनीति पर चर्चा होगी ।

जनगणना 2027 का काउंटडाउन शुरू: बिहार में मई से होगी मकानों क

Patna - बिहार में जनगणना 2027 के पहले चरण की तैयारियों को लेकर प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार, 23 फरवरी 2026 को पटना के अधिवेशन भवन में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक राज्य स्तरीय प्रशिक्षण सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा । इस सम्मेलन में प्रमंडलीय आयुक्तों, जिला पदाधिकारियों और नगर आयुक्तों को जनगणना के प्रथम चरण, जिसमें मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना शामिल है, के लिए विशेष प्रशिक्षण और दिशा-निर्देश दिए जाएंगे 

मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में हुई समन्वय समिति की बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि जनगणना 2027 का प्रथम चरण 02 मई 2026 से 31 मई 2026 तक संचालित होगा । इसके पूर्व, आम नागरिकों को स्वगणना (Self Enumeration) की सुविधा देने के लिए 18 अप्रैल से 01 मई 2026 तक की 15 दिवसीय अवधि निर्धारित की गई है । सरकार का लक्ष्य है कि विभिन्न संचार माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार कर नागरिकों को स्वगणना के प्रति प्रोत्साहित किया जाए 

प्रशासनिक पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी जिला नोडल अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे प्रत्येक जिले में जिला स्तरीय जनगणना समन्वय समिति (DLCCC) का गठन करें और इसकी सूचना जनगणना निदेशालय को दें । इसके साथ ही, जनगणना कार्यों के लिए होने वाले वित्तीय लेन-देन को पारदर्शी बनाने हेतु सभी संबंधित बैंक खातों को अनिवार्य रूप से PFMS पोर्टल से मैप करने का आदेश दिया गया है । सभी नगर निकायों को अपनी मलिन बस्तियों की अद्यतन और प्रमाणित सूची भी उपलब्ध कराने का निर्देश प्राप्त है 

इस महाभियान की सफलता के लिए मानव संसाधन प्रबंधन पर विशेष जोर दिया गया है। शिक्षा, पंचायती राज और नगर विकास जैसे विभागों को निर्देश दिया गया है कि वे जनगणना कार्य हेतु आवश्यक कर्मी और तकनीकी सहायक उपलब्ध कराएं । राज्य, जिला और चार्ज स्तर पर 'जनगणना कोषांग' (Census Cell) का गठन जल्द ही पूर्ण कर लिया जाएगा, ताकि कार्य का ससमय और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके 

सम्मेलन के दौरान अधिकारियों को जनगणना 2027 की रणनीति, वित्तीय सहायता और उनके उत्तरदायित्वों के बारे में विस्तार से अवगत कराया जाएगा । भारत सरकार के जनगणना कार्य निदेशालय ने इस प्रशिक्षण सत्र के लिए कुल 82 प्रतिभागियों की संख्या स्वीकृत की है । इस पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य जनगणना के प्रथम चरण को पूरी तरह डिजिटल और त्रुटिरहित बनाना है, जिसमें मकानों की सटीक सूचीकरण को प्राथमिकता दी गई है