Bihar NDA Meeting:बिहार की राजनीति में महासियासी भूचाल, सीएम सम्राट चौधरी का फरमान, पटना तलब किए गए NDA के सभी सांसद और विधायक
Bihar NDA Meeting: बिहार के सियासी गलियारे से सबसे बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। ...
Bihar NDA Meeting: बिहार के सियासी गलियारे से सबसे बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। सूबे की राजनीति में भूचाल लाते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सत्ताधारी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के तमाम सांसदों, विधायकों और विधान पार्षदों को आपात स्थिति में फौरी तौर पर पटना तलब कर लिया है। आगामी 9 अक्टूबर को मुख्यमंत्री आवास (1 अणे मार्ग) में एक अति-महत्वपूर्ण और हड़कंप मचाने वाली महाबैठक बुलाई गई है।
सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक का मुख्य मकसद बिहार विधान परिषद (स्नातक और शिक्षक) की आठ सीटों पर होने वाले चुनाव से ठीक पहले एनडीए का शक्ति प्रदर्शन करना और अपनी साझी एकता का लोहा मनवाना है। मंगलवार को मुख्यमंत्री आवास पर एनडीए के शीर्ष घटक दलों के कद्दावर नेताओं की एक बेहद खुफिया और रणनीतिक बैठक आयोजित हुई, जिसमें यह बड़ा और सख्त फैसला लिया गया।
JDU और रालोमो के घमासान पर मंथन
इस हाई-प्रोफाइल बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड और उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक मोर्चा के बीच MLC सीटों को लेकर अंदरखाने मची भयंकर खींचतान और घमासान पर भी तीखी चर्चा होगी। एनडीए हाईकमान ने साफ लफ़्ज़ों में हिदायत दी है कि दोनों पार्टियों के शीर्ष नेतृत्व को अपने-अपने दलों का अंदरूनी विवाद और बगावत तुरंत निपटाना होगा ताकि गठबंधन की छवि पर कोई आंच न आए।
दिग्गजों की मौजूदगी और सम्राट की सख्त चेतावनी
बैठक में विजय चौधरी, बिजेंद्र यादव, जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी, जेडीयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा के अलावा चिराग पासवान (LJP-R), जीतन राम मांझी और उपेंद्र कुशवाहा की पार्टियों के आला नेता मौजूद रहेगें। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सख्त तेवर अपनाते हुए दो टूक शब्दों में कहा कि “पार्टी नहीं, गठबंधन की जीत प्राथमिकता है।” उन्होंने सभी नेताओं को व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा छोड़कर साझा चुनाव प्रचार करने और आठों सीटों पर जीत का परचम लहराने का हुक्म दिया है।
रिपोर्ट- हीरेश कुमार