Bihar Politics: बिहार की सियासत में खेला के आसार! नीतीश के इस्तीफे की अटकलें तेज, राजद का ऑफर, बीजेपी बोली-NDA चट्टान की तरह मजबूत

Bihar Politics:सूबे की राजनीति में इस हफ्ते बड़ा उलटफेर हो सकता है और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सियासत को अलविदा कह सकते हैं। इसी बीच राष्ट्रीय जनता दल ने उन्हें बड़ा सियासी ऑफर देकर माहौल को और गरमा दिया है।

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बिहार की सियासत में खेला के आसार!- फोटो : social Media

Bihar Politics: बिहार की सियासत इस वक्त सस्पेंस, सियासी शतरंज और अंदरूनी हलचल के दौर से गुजर रही है। चर्चा गरम है कि सूबे की राजनीति में इस हफ्ते बड़ा उलटफेर हो सकता है और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सियासत को अलविदा कह सकते हैं। इसी बीच राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने उन्हें बड़ा सियासी ऑफर देकर माहौल को और गरमा दिया है।

राजद विधायक रणविजय साहू ने खुलकर कहा है कि अगर नीतीश कुमार चाहें तो महागठबंधन में आकर सरकार बना सकते हैं, संख्या की कोई कमी नहीं होगी। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि बीजेपी ने उनकी पैकिंग कर दी है और अब उनकी खामोशी बहुत कुछ बयां कर रही है। साहू ने सवाल उठाया कि 2025-30 के जो वादे किए गए थे, उनका क्या होगा? क्या वो सिर्फ सियासी जुमला बनकर रह जाएंगे? राजद ने यहां तक इशारा कर दिया कि नीतीश कुमार चाहें तो अपने बेटे निशांत कुमार को मुख्यमंत्री की कुर्सी सौंप सकते हैं। इस बयान के बाद सियासी गलियारों में “वंश बनाम व्यवस्था” की बहस भी तेज हो गई है। 

वहीं दूसरी ओर, भारतीय जनता पार्टी ने इन तमाम दावों को सिरे से खारिज करते हुए पलटवार किया है। बीजेपी प्रवक्ता पीयूष शर्मा ने कहा कि नीतीश कुमार NDA के सर्वमान्य नेता हैं और उनका राज्यसभा जाना पूरी तरह स्वेच्छा का फैसला है। उन्होंने विपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी बयानबाजी से NDA की सेहत पर कोई असर नहीं पड़ता।

बीजेपी का साफ कहना है कि NDA चट्टान की तरह मजबूत है और मुख्यमंत्री पद को लेकर फैसला गठबंधन के शीर्ष नेतृत्व द्वारा लिया जाएगा। इधर, आखिरी कैबिनेट बैठक से पहले बढ़ती अटकलों ने बिहार की सियासत को हाई वोल्टेज ड्रामा में बदल दिया है। जनता के बीच यह सवाल गूंज रहा है कि क्या वाकई कोई बड़ा “खेला” होने वाला है या यह महज सियासी बयानबाजी का हिस्सा है। फिलहाल, बिहार की राजनीति में सस्पेंस बरकरार है अब सबकी निगाहें आने वाले दिनों पर टिकी हैं, जहां सत्ता का समीकरण कभी भी करवट ले सकता है।