Electricity In Bihar: बिजली कंपनियों की बड़ी उपलब्धि! बिहार का नुकसान राष्ट्रीय औसत से भी कम, NBPDCLऔर SBPDCL का अब सिर्फ 15.50 रहा लॉस

बिहार की बिजली वितरण कंपनियों ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। AT&C नुकसान घटकर 15.50% हुआ जो राष्ट्रीय औसत 17.60% से कम है। पढ़िए पूरी रिपोर्ट।

Electricity In Bihar: बिजली कंपनियों की बड़ी उपलब्धि! बिहार
Electricity - फोटो : freepik

Electricity In Bihar: बिहार की दोनों बिजली वितरण कंपनियों – नॉर्थ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (NBPDCL) और साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (SBPDCL) ने साल 2024-25 में तकनीकी और वाणिज्यिक नुकसान (AT&C Loss) को घटाकर 15.50% तक लाकर एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। यह आंकड़ा देश के औसत 17.60% से भी कम है। बीस साल पहले, यानी 2004-05 में बिहार का AT&C नुकसान 59.15% था। यह दिखाता है कि बिजली वितरण व्यवस्था में कितने व्यापक और प्रभावी सुधार किए गए हैं।

तकनीकी और वाणिज्यिक नुकसान में गिरावट के प्रमुख कारण

बिजली कंपनियों की इस सफलता के पीछे कई रणनीतिक पहलें और सुधारात्मक कदम हैं। जिनमें प्रमुख हैं:

दृढ़ वितरण व्यवस्था: बेहतर ट्रांसफार्मर और केबल नेटवर्क का निर्माण

सटीक और पारदर्शी बिलिंग प्रणाली का विकास

ग्रामीण क्षेत्रों में भी समय पर कनेक्शन और मीटरिंग

उपभोक्ताओं के साथ भरोसेमंद संवाद और शिकायत निवारण तंत्र

NBPDCL ने नुकसान को 14.5% और SBPDCL ने 17% तक लाने में सफलता प्राप्त की है।

उपभोक्ता सेवा रेटिंग और राजस्व में वृद्धि

हाल ही में भारत सरकार के विद्युत मंत्रालय द्वारा जारी उपभोक्ता सेवा रेटिंग में NBPDCL को A ग्रेड और SBPDCL को B+ ग्रेड प्रदान किया गया है।राजस्व वसूली में भी बिहार की बिजली कंपनियों ने रिकॉर्ड बनाया है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में कंपनियों ने कुल ₹17,114 करोड़ की वसूली की, जो पिछले साल ₹15,109 करोड़ से 13% अधिक है।यह बताता है कि न सिर्फ तकनीकी नुकसान घटे हैं बल्कि उपभोक्ताओं में भी विश्वास बढ़ा है।

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वरिष्ठ अधिकारियों और मंत्रियों की प्रतिक्रिया

बिजली कंपनी के सीएमडी पंकज कुमार पाल ने इस उपलब्धि को "ग्रामीण क्षेत्रों में 85% से अधिक उपभोक्ताओं के बीच एक बड़ा सुधार" बताया। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भविष्य में भी गुणवत्तापूर्ण, निर्बाध बिजली आपूर्ति, सटीक बिलिंग और त्वरित शिकायत समाधान हमारी प्राथमिकता रहेगी।ऊर्जा मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने भी इसे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के "दूरदर्शी नेतृत्व" का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि बिहार ने यह सफलता पारदर्शिता, उत्तरदायित्व और जनता के सहयोग से पाई है। यह हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक है।

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ऊर्जा सुधार में बिहार देश का नया रोल मॉडल

बिहार का यह प्रदर्शन न केवल आंकड़ों में सुधार है बल्कि नीतिगत सफलता और प्रशासनिक दक्षता का प्रमाण भी है। जिस राज्य को कभी बिजली व्यवस्था के लिए आलोचना झेलनी पड़ती थी, आज वही राज्य ऊर्जा क्षेत्र में उदाहरण बन चुका है।सरकार, बिजली कंपनियों और आम जनता के समन्वित प्रयासों से यह संभव हो सका है, और आने वाले समय में बिहार ऊर्जा दक्षता और सेवा गुणवत्ता दोनों में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो सकता है।