Bihar University Nominations: उच्च शिक्षा के गलियारों में बड़ा फेरबदल, कुलाधिपति सैयद अता हसनैन का मास्टरस्ट्रोक,13 विश्वविद्यालयों के सीनेट और सिंडीकेट में नए चेहरे तैनात
Bihar University Nominations: सूबे की उच्च शिक्षा व्यवस्था और अकादमिक सरगर्मी में एक बड़ा और अहम मोड़ देखने को मिला है।
Bihar University Nominations: सूबे की उच्च शिक्षा व्यवस्था और अकादमिक सरगर्मी में एक बड़ा और अहम मोड़ देखने को मिला है। राज्य के सभी 13 पारंपरिक विश्वविद्यालयों के सीनेट और सिंडीकेट में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए महामहिम राज्यपाल सह कुलाधिपति सैयद अता हसनैन ने अपने प्रतिनिधि सदस्यों को मनोनीत कर दिया है। राजपाल सचिवालय की ओर से बुधवार को जारी इस आधिकारिक अधिसूचना के बाद उच्च शिक्षा जगत के गलियारों में खासी हलचल मच गई है। मनोनीत किए गए तमाम सदस्यों का यह कार्यकाल अगले 3 वर्षों के लिए मुकर्रर किया गया है। इसके अलावा आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय समेत कुल 14 उच्च शैक्षणिक संस्थानों की मुहतमिम कमेटियों में भी नए चेहरों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
राजभवन द्वारा जारी फरमान के मुताबिक, ऐतिहासिक पटना विश्वविद्यालय के सीनेट में पाटलिपुत्र यूनिवर्सिटी के अंग्रेजी विभागाध्यक्ष प्रो. अशोक सिंह और मगध यूनिवर्सिटी के इतिहास विभाग के प्रो. मनीष सिन्हा को जग़ह दी गई है, जबकि सिंडीकेट की जिम्मेदारी पाटलिपुत्र विवि की प्रो. छाया सिन्हा के सुपुर्द की गई है। वहीं मगध विश्वविद्यालय में पटना विवि के भूगोल विशेषज्ञ प्रो. रवींद्र कुमार, वीर कुंवर सिंह विवि के प्रो. आलोक किशोर और पाटलिपुत्र विवि की प्रो. प्रीति कश्यप को सीनेट सदस्य बनाया गया है, जबकि राजनीति शास्त्र की प्रो. शेफाली राय को सिंडीकेट की अहम कमान सौंपी गई है।
दूसरी ओर, उत्तर बिहार और मिथिलांचल के प्रमुख शिक्षण संस्थानों में भी बड़े पैमाने पर ताजपोशी की गई है। ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय (LNMU) में प्रो. ललन कुमार झा, प्रो. दिलीप कुमार झा और प्रो. उमाशंकर चौधरी सीनेट के रुकन बने हैं, जबकि प्रो. संगीता सिन्हा सिंडीकेट में शामिल की गई हैं। बीआरए बिहार विश्वविद्यालय (मुजफ्फरपुर) के सीनेट में प्रो. उदय अरविंद, प्रो. संजय झा और प्रो. मो. शरीफ की आमद हुई है।
इसी कड़ी में पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय (PPU) के सीनेट में प्रो. शरद प्रवाल, प्रो. रविकांत दास, प्रो. यशवंत कुमार और सिंडीकेट में प्रो. सोनू अन्नपूर्णा की मनोनयन प्रक्रिया पूरी की गई है। भागलपुर, पूर्णिया, मुंगेर, जयप्रकाश (छपरा), और वीर कुंवर सिंह (आरा) विश्वविद्यालयों में भी पड़ोसी जिलों के कद्दावर प्रोफेसरों को सीनेट और सिंडीकेट में शामिल कर अकादमिक संतुलन साधने की पुरजोर कोशिश की गई है। इस बड़े मनोनयन के बाद अब सूबे के विश्वविद्यालयों के नीतिगत फैसलों और प्रशासनिक कामकाज में खासी तेजी आने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है।
हीरेश कुमार