BIT मेसरा पटना में मानवता की मिसाल: NSMCH बिहटा के सहयोग से 110 यूनिट रक्त संग्रह, छात्रों और शिक्षकों ने उत्साह से किया रक्तदान
BIT मेसरा पटना कैंपस में NSMCH बिहटा के सहयोग से रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें 130 से अधिक प्रतिभागियों ने उत्साह दिखाया और लगभग 110 यूनिट रक्त संग्रह किया गया
Patna - BIT मेसरा, पटना कैंपस में शनिवार को रक्तदान शिविर का सफल आयोजन किया गया. यह कार्यक्रम नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (NSMCH), बिहटा के सहयोग से संपन्न हुआ. इस शिविर में संस्थान के लगभग 130 छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया, जिसके परिणामस्वरूप लगभग 110 यूनिट रक्त का संग्रह किया गया.
सामाजिक जिम्मेदारी और जागरूकता पर जोर
NSMCH बिहटा द्वारा इस शिविर का आयोजन कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) के तहत किया गया. इसका मुख्य उद्देश्य समाज में स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना और जरूरतमंद मरीजों के लिए सुरक्षित रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करना है. इस अवसर पर NSMCH के ब्लड बैंक इंचार्ज प्रो. डॉ. शिवेंद्र कुमार सिन्हा और वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. राहुल कुमार विशेष रूप से उपस्थित रहे.
निदेशक और प्रबंध निदेशक का संबोधन
BIT पटना के निदेशक डॉ. धीरेश कुमार मलिक ने रक्तदान को मानवता की सबसे बड़ी सेवा बताते हुए सभी प्रतिभागियों के जज्बे की सराहना की. उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से युवाओं में सामाजिक जिम्मेदारी की भावना मजबूत होती है. वहीं, NSMCH के प्रबंध निदेशक श्री कृष्ण मुरारी जी ने समाज की भलाई के लिए भविष्य में भी इस प्रकार के आयोजनों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई.
रक्तदान के लाभ और विशेषज्ञों की अपील
डॉ. सिन्हा और डॉ. राहुल कुमार ने छात्रों को जानकारी देते हुए बताया कि नियमित रक्तदान न केवल दूसरों की जान बचाता है, बल्कि यह स्वयं रक्तदाता के स्वास्थ्य के लिए भी अत्यंत लाभकारी है. उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे समाज सेवा के ऐसे कार्यों में निरंतर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें.
सफल संचालन में इनका रहा योगदान
शिविर को सफल बनाने में फैकल्टी को-ऑर्डिनेटर सहायक प्रोफेसर अभिनव सांडिल्य का महत्वपूर्ण योगदान रहा. साथ ही, छात्र को-ऑर्डिनेटर पुरुषोत्तम कुमार ने छात्रों को प्रेरित करने और व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संचालित करने में अहम भूमिका निभाई. अंत में सभी रक्तदाताओं और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया गया.