सीएम सम्राट की अपील पर महावीर मंदिर की बड़ी पहल: NEET परीक्षार्थियों को गर्मी से राहत देने के लिए पिलाया चने के सत्तू का ठंडा शर्बत
भीषण गर्मी को देखते हुए महावीर मंदिर न्यास समिति, पटना की ओर से रविवार को नीट परीक्षार्थियों को राहत देने के लिए एक अनूठी पहल की गई। सीएम की अपील पर मंदिर प्रशासन ने शुद्ध चने के सत्तू का ठंडा शर्बत तैयार कर परीक्षार्थियों और अभिभावको को वितरित किय
Patna : राजधानी का प्रसिद्ध महावीर मंदिर अपने सेवामूलक कार्यों के लिए पूरे देश में जाना जाता है। चाहे अयोध्या की 'राम रसोई' हो, सीतामढ़ी की 'सीता रसोई' या फिर मंदिर का 'दरिद्र नारायण भोजन'—महावीर मंदिर हमेशा मानवता की सेवा में आगे रहता है। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए रविवार को महावीर मंदिर, पटना जंक्शन की ओर से एक और सराहनीय कदम उठाया गया। इस बार भीषण गर्मी की मार झेल रहे नीट (NEET) परीक्षार्थियों को राहत पहुंचाने के लिए बिल्कुल ठंडे और शुद्ध चने के सत्तू के शर्बत की बड़ी व्यवस्था की गई।
सीएम सम्राट चौधरी की अपील पर मंदिर प्रशासन का त्वरित कदम
इस कल्याणकारी पहल के पीछे राज्य के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की एक विशेष सोच रही। दरअसल, मुख्यमंत्री ने भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों के बीच परीक्षा देने आ रहे छात्रों को हर संभव राहत दिलाने की अपील की थी। मुख्यमंत्री की इसी संवेदनशील अपील का संज्ञान लेते हुए श्री महावीर स्थान न्यास समिति ने तुरंत कदम उठाया और पटना जंक्शन के आसपास के पूरे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर सत्तू शर्बत वितरण केंद्र स्थापित कर दिए।
सुबह से लेकर देर शाम तक चलता रहा वितरण
गौरतलब है कि नीट परीक्षा की नई तारीख 21 जून 2026 निर्धारित थी। यह परीक्षा इससे पहले बीते 3 मई 2026 को रद्द होने के बाद दोबारा आयोजित की जा रही थी। परीक्षा दोपहर दो बजे से शुरू होनी थी, जिसके कारण सुबह से ही ट्रेनों से उतरने वाले परीक्षार्थियों की भारी भीड़ पटना जंक्शन पर जुटने लगी थी। स्टेशन से बाहर निकलते ही थके-हारे छात्रों को मंदिर की ओर से ठंडे सत्तू का शर्बत मिलना शुरू हो गया। दोपहर तीन बजे के बाद परीक्षा खत्म होने पर भी, देर शाम तक परीक्षार्थियों को शर्बत पिलाने का यह सिलसिला अनवरत जारी रहा।
1000 किलोग्राम सत्तू से तैयार हुआ पौष्टिक पेय
चिलचिलाती धूप और उमस को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने बड़े पैमाने पर तैयारियां की थीं। कुल 1000 किलो चने के सत्तू का इस्तेमाल कर यह स्वास्थ्यवर्धक और ठंडा शर्बत तैयार किया गया था। इस पुख्ता व्यवस्था की पुष्टि करते हुए श्री महावीर स्थान न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल ने बताया कि मंदिर प्रबंधन ने इस बात का पूरा ध्यान रखा कि दूर-दराज के इलाकों और विभिन्न जिलों से आ रहे परीक्षार्थियों को गर्मी के कारण किसी तरह की शारीरिक परेशानी का सामना न करना पड़े।
छात्रों को एकाग्रचित्त करने का नि:स्वार्थ प्रयास
न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल ने आगे कहा कि महावीर मंदिर का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि जो छात्र इतनी लंबी दूरी तय करके इस चिलचिलाती गर्मी में परीक्षा देने आए हैं, उन्हें थोड़ी ठंडक और ऊर्जा मिल सके। ठंडा सत्तू का शर्बत न सिर्फ शरीर को शीतलता प्रदान करता है बल्कि यह बेहद सुपाच्य भी होता है। मंदिर प्रशासन को उम्मीद है कि इस छोटे से प्रयास से छात्रों को मानसिक और शारीरिक राहत मिली, जिससे वे परीक्षा केंद्र के भीतर पूरी एकाग्रता और शांत मन के साथ अपना पेपर दे सके।
वंदना की रिपोर्ट