बिहार में लड़कियों से छेड़खानी पर मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा का बेतुका का बयान, पीड़िता की पहचान उजागर करना नहीं मानते गुनाह

जमुई में छेड़खानी की शिकार बनी लड़की के परिजनों की पहचान उजागर होने वाले मामले में बिहार के मंत्री भागवान सिंह कुशवाहा ने अजीब बेतुका बयान दिया है. उन्होंने पहचान उजागर होने को किसी प्रकार से गलत नहीं बताया है

Minister Bhagwan Singh Kushwaha
Minister Bhagwan Singh Kushwaha- फोटो : news4nation

Bihar News :  जमुई में नाबालिग छात्रा से छेड़खानी के मामले को लेकर बिहार की सियासत में नया विवाद खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से पीड़िता और उसके परिवार की मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री के सोशल मीडिया हैंडल से परिवार के साथ तस्वीर पोस्ट की गई थी। पोस्ट सामने आने के बाद नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि तस्वीर से नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर हो रही है और इसे POCSO एक्ट के तहत गंभीर मामला बताया। इसके बाद यह पोस्ट हटा दी गई।


अब बिहार सरकार के योजना विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा ने मुख्यमंत्री का बचाव करते हुए इस विवाद पर बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अपने क्षेत्र के लोगों से पारिवारिक संबंध रखते हैं और इसी रिश्ते के तहत पीड़ित परिवार से मुलाकात किए। उनका कहना था कि तस्वीर सोशल मीडिया पर पोस्ट करने में उन्हें कानून का कोई उल्लंघन नजर नहीं आता। कुशवाहा ने सवाल उठाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के परिवार से मिलने और तस्वीर साझा करने में POCSO का उल्लंघन कैसे हो गया। उन्होंने विपक्ष पर मुद्दा बनाने का आरोप लगाया और कहा कि इस मामले में मुख्यमंत्री की कोई गलती नहीं है।


हालांकि, POCSO कानून के तहत बच्चे की पहचान उजागर करने वाली जानकारी के प्रकाशन पर प्रतिबंध है। इस मामले में विपक्ष ने मुख्यमंत्री के सोशल मीडिया पोस्ट को इसी प्रावधान से जोड़कर सवाल उठाए हैं। पोस्ट बाद में हटा दिए जाने की भी रिपोर्ट है।


बांका वीडियो पर बोले- पहले सच्चाई जांचे मीडिया

बांका के मंदार पर्वत पर एक युवक-युवती के साथ कथित अभद्र व्यवहार का वीडियो वायरल होने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि उन्होंने वीडियो नहीं देखा है। उन्होंने मीडिया को सलाह दी कि किसी वीडियो को वायरल होने के आधार पर खबर बनाने से पहले उसकी सत्यता की जांच करनी चाहिए। बिहार में लगातार लड़कियों से बदसलूकी की घटनाओं पर कुशवाहा ने कहा कि सोशल मीडिया पर वीडियो को अलग-अलग घटनाओं से जोड़कर पेश किया जा सकता है। उन्होंने दावा किया कि सरकार को बदनाम करने की साजिश भी हो सकती है।


यादव जाति पर विवादित टिप्पणी 

वहीं कुशवाहा ने यादव जाति को लेकर भी अजीब बातें कहीं। उनसे सवाल किया गया था कि पिछले दिनों केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा था कि यादव जाति से जुड़े लोग सर्वाधिक अपराध की घटनाओं में जुड़े रहे हैं। कुशवाहा ने उनकी बातों का समर्थन करते हुए कहा कि वे वरिष्ठ नेता हैं। मांझी के उस दावे पर कि यादव समाज के लोग अपराध में अधिक संलिप्त रहते हैं, कुशवाहा ने उनके आकलन को सही बताया। उन्होंने कहा कि यादव समाज में लुच्चा लफंगा की संख्या बहुत ज्यादा है अगर मांझी ने ऐसा कहा है तो ठीक ही होगा। जेल में बंद लोगों की जाति के आकलन के हिसाब से यह साबित हो सकता है।

अभिजीत की रिपोर्ट