बिहार में लौटेगा इंटरनेशनल क्रिकेट: 498 करोड़ से चमकेगा मोईनुल हक स्टेडियम, टेंडर प्रक्रिया पूरी
बिहार के खेल प्रेमियों के लिए एक ऐतिहासिक घड़ी आ गई है। पटना के मोईनुल हक स्टेडियम के विश्वस्तरीय कायाकल्प के लिए बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (BCA) ने 498 करोड़ रुपये का टेंडर शिवांश इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट प्राइवेट लिमिटेड को आवंटित कर दिया है।
Patna - पटना के मोईनुल हक स्टेडियम के दिन अब बहुरने वाले हैं। बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (BCA) ने स्टेडियम के विश्वस्तरीय पुनर्निर्माण के लिए टेंडर की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इस परियोजना का जिम्मा शिवांश इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट प्राइवेट लिमिटेड को सौंपा गया है। यह निर्णय बिहार में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की वापसी की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।
498 करोड़ की आएगी लागत
स्टेडियम के कायाकल्प पर कुल 498 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। रेल और सड़क परिवहन की तर्ज पर अब खेल के बुनियादी ढांचे में भी भारी निवेश किया जा रहा है। बीसीए के अधिकारियों के अनुसार, इस राशि से स्टेडियम को आधुनिक सुविधाओं और अंतरराष्ट्रीय मानकों से लैस किया जाएगा, ताकि यहां बड़े क्रिकेट टूर्नामेंट्स का सफल आयोजन हो सके।
24 महीने में होगा निर्माण
परियोजना को पूरा करने के लिए 24 महीने (दो वर्ष) का कड़ा समय निर्धारित किया गया है। बीसीए के जीएम एडमिन नीरज सिंह ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्य में तेजी लाने के लिए ठेकेदार के साथ एग्रीमेंट साइन कर लिया गया है। अगले दो वर्षों के भीतर बिहार के पास अपना अत्याधुनिक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम होगा।
आईसीसी के मानकों का रखा गया ध्यान
नया स्टेडियम आईसीसी (ICC) और बीसीसीआई (BCCI) के कड़े मानकों को ध्यान में रखकर बनाया जाएगा। आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए यहां 9 से 16 सेंटर विकेट तैयार किए जाएंगे। इससे पिच की उपलब्धता बढ़ेगी और एक ही मैदान पर विभिन्न स्तर के मैचों का आयोजन बिना किसी बाधा के संभव हो पाएगा।
निर्माण में यह बाधाएं
हालांकि, निर्माण कार्य शुरू करने से पहले प्रशासन को कुछ चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा। स्टेडियम परिसर के आसपास मेट्रो का काम, साई (SAI) का ट्रेनिंग सेंटर और कदमकुआं थाना जैसी संरचनाएं मौजूद हैं। इन बाधाओं को हटाने और सुचारू निर्माण सुनिश्चित करने के लिए 11 फरवरी को खेल विभाग के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक बुलाई गई है।
अंतरराष्ट्रीय सुविधाएं मिलेगी
बीसीए के सीईओ मनीष राज ने कहा कि इस स्टेडियम के बनने से बिहार के युवा क्रिकेटरों को अब अपने ही राज्य में अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलेंगी। यह न केवल खेल प्रतिभाओं को निखारेगा, बल्कि बिहार को वैश्विक खेल मानचित्र पर भी स्थापित करेगा। सरकार और बीसीए के साझा प्रयासों से बिहार में क्रिकेट के एक नए युग की शुरुआत होने जा रही है।