Bihar Independence Day:स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार आवास पर भी शान से लहराया राष्ट्रध्वज, भारत माता की जय से गूंजा बिहार

बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपने सरकारी आवास पर तिरंगा फहराया। ...

Bihar  Independence Day:स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार आवास प
स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार आवास पर भी शान से लहराया राष्ट्रध्वज- फोटो : reporter

Bihar  Independence Day: बिहार में आज 80वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न पूरे जोश, जज्बे और शान-ओ-शौकत के साथ मनाया जा रहा है। राजधानी पटना से लेकर राज्य के तमाम जिलों तक तिरंगे की आन, बान और शान के साथ देशभक्ति का माहौल है। स्वतंत्रता दिवस के इस मौके पर सत्ता के गलियारों से लेकर आम अवाम तक हर तरफ राष्ट्रभक्ति का रंग दिखाई दे रहा है। सरकारी इमारतों, स्कूल-कॉलेजों और सार्वजनिक स्थलों पर तिरंगा लहरा रहा है और देश की आजादी के लिए कुर्बानी देने वाले वीर सपूतों को याद किया जा रहा है।

बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपने सरकारी आवास पर तिरंगा फहराया।  ध्वजारोहण के दौरान वहां मौजूद अधिकारियों और लोगों ने पूरे जोश के साथ ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए। राष्ट्रध्वज के सम्मान में गूंजते नारों ने माहौल को देशभक्ति के जज्बे से भर दिया।

स्वतंत्रता दिवस महज एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि उन अनगिनत कुर्बानियों को याद करने का दिन है जिनकी वजह से भारत आज एक आजाद और लोकतांत्रिक राष्ट्र के रूप में खड़ा है। बिहार की धरती भी स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास में अपनी अहम जगह रखती है। चंपारण सत्याग्रह से लेकर स्वतंत्रता संग्राम के विभिन्न आंदोलनों तक बिहार के लोगों ने अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ संघर्ष में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

महात्मा गांधी का चंपारण आगमन भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास का एक निर्णायक अध्याय माना जाता है। नील की खेती और किसानों के शोषण के खिलाफ शुरू हुआ चंपारण सत्याग्रह आगे चलकर देश के स्वतंत्रता आंदोलन की दिशा बदलने वाले आंदोलनों में शामिल हुआ। इसलिए बिहार में तिरंगा फहराने का मतलब सिर्फ एक रस्म अदा करना नहीं, बल्कि उस संघर्ष और विरासत को याद करना भी है जिसने देश की आजादी की बुनियाद मजबूत की।

आज जब गांधी मैदान में तिरंगा फहराया जाएगा तो वहां मौजूद हजारों लोगों के लिए यह क्षण गौरव और जज्बात से भरा होगा। तिरंगे की तीनों रंगों की अपनी अलग पहचान है और अशोक चक्र देश की निरंतर गति और धर्मचक्र का प्रतीक है। राष्ट्रीय ध्वज हर भारतीय को देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता का अहसास कराता है।

रिपोर्ट- अभिजीत सिंह