10 मिनट तक तस्कर और थानेदार में गुत्थम-गुत्थी: पटना में सड़क पर हाई-वोल्टेज ड्रामा,पिस्टल के साथ गिरफ्तार

पटना में पुलिस की जांबाजी और सटीक रणनीति से एक शातिर हथियार तस्कर की गिरफ्तारी हुई है.बहादुरपुर और चित्रगुप्त नगर थाने की पुलिस ने संयुक्त योजना बनाई और सवेरा हॉस्पिटल के पास सादे लिबास में घेराबंदी कर दी।

Arms supplier arrested from Rajendra Nagar
10 मिनट तक तस्कर और थानेदार में गुत्थम-गुत्थी- फोटो : news 4 nation

राजधानी पटना के चित्रगुप्त नगर इलाके में पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए शातिर हथियार तस्कर रोहित कुमार उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार किया है। बहादुरपुर थानेदार शुभम झा को सूचना मिली थी कि बिट्टू मनेर से हथियार लाकर राजेंद्र नगर और चित्रगुप्त नगर के इलाकों में सप्लाई करने वाला है। इस इनपुट पर कार्रवाई करते हुए बहादुरपुर और चित्रगुप्त नगर थाने की पुलिस ने संयुक्त योजना बनाई और सवेरा हॉस्पिटल के पास सादे लिबास में घेराबंदी कर दी। जैसे ही तस्कर वहां पहुंचा, पुलिस ने उसे दबोचने की कोशिश की।

तस्कर और पुलिस के बीच तीखी झड़प

गिरफ्तारी के दौरान मौके पर काफी ड्रामा देखने को मिला। खुद को पुलिस से घिरा देख आरोपी बिट्टू भागने की कोशिश करने लगा, जिसे चित्रगुप्त नगर थानेदार ने मुस्तैदी से पीछे से पकड़ लिया। इस दौरान तस्कर और पुलिस के बीच करीब 10 मिनट तक सड़क पर ही गुत्थम-गुत्थी चलती रही। मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और कुछ शरारती तत्वों ने आरोपी को पुलिस की गिरफ्त से छुड़ाने का प्रयास भी किया, लेकिन पुलिस टीम ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए आखिरकार उसे काबू में कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक पिस्टल बरामद की गई है।

मनेर से राजेंद्र नगर तक फैला नेटवर्क

पुलिस जांच में यह सनसनीखेज खुलासा हुआ है कि बिट्टू पिछले कई महीनों से पटना के शहरी इलाकों में काफी सक्रिय था। वह बाइक के जरिए मनेर से अवैध हथियार लाता था और राजेंद्र नगर व आसपास के क्षेत्रों में उनकी डिलीवरी करता था। शातिर अपराधी होने के कारण वह अक्सर पुलिस के पहुंचने से पहले ही फरार हो जाता था। पूछताछ में बिट्टू ने अपने कई साथियों और गुर्गों के नाम उगले हैं, जिससे पुलिस को इस तस्करी नेटवर्क की गहराई का पता चला है।

बड़े गिरोह के खुलासे की तैयारी

फिलहाल पुलिस आरोपी से कड़ाई से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि अब तक किन-किन लोगों को हथियार सप्लाई किए गए हैं। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि इस कड़ी को जोड़ने से हथियार तस्करी के एक बड़े सिंडिकेट का पर्दाफाश हो सकता है। इसके साथ ही, पुलिस उन लोगों की भी पहचान कर रही है जिन्होंने भीड़ का फायदा उठाकर आरोपी को बचाने की कोशिश की थी। जल्द ही इस मामले में कुछ और बड़ी गिरफ्तारियां होने की संभावना है।