Patna Mahavir Mandir: 25 हजार किलो लड्डू और 5 लाख श्रद्धालु, पटना महावीर मंदिर में रात 2 बजे खुलेगा पट, पहले दर्शन करने वाले भक्त होंगे सम्मानित

महावीर मंदिर
रामनवमी- फोटो : social media

Patna Mahavir Mandir: देशभर में रामनवमी 27 मार्च को मनाया जाएगा। रामनवमी को लेकर उत्सव की भव्य तैयारी की गई है। इसी बीच महावीर मंदिर में भी रामनवमी को लेकर भव्य तैयारी की गई है। मंदिर को आकर्षक लाइटों और फूलों से सजाया जा रहा है, जिसके लिए खास तौर पर कोलकाता से फूल मंगाए गए हैं। पूरे मंदिर परिसर को रोशन करने के लिए सैकड़ों लाइटें लगाई गई हैं।

रात 2 बजे ही खुल जाएंगे पट 

मंदिर प्रबंधन के अनुसार 26 मार्च की रात 2 बजे से ही श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के पट खोल दिए जाएंगे। विशेष पूजा और आरती के बाद भक्त हनुमान जी के दोनों विग्रहों का दर्शन कर सकेंगे। इस वर्ष करीब 5 लाख श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है, जिसे देखते हुए गर्भगृह में 80 टन क्षमता का एसी लगाया गया है।

सबसे पहले दर्शन करने वाले 10 श्रद्धालु होंगे सम्मानित 

रामनवमी के मौके पर मंदिर प्रशासन ने विशेष घोषणा करते हुए कहा है कि सबसे पहले दर्शन करने वाले 10 श्रद्धालुओं को सम्मानित किया जाएगा। वहीं, श्रद्धालुओं के लिए 25 हजार किलो ‘नैवेद्यम’ प्रसाद की व्यवस्था की गई है, जिसे तिरुपति के कारीगरों द्वारा तैयार किया गया है। इसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब 90 लाख रुपये बताई जा रही है।

मंदिर के बाहर ही मिलेगा नैवेद्यम 

मंदिर से लेकर वीर कुंवर सिंह पार्क तक कुल 15 काउंटरों के माध्यम से नैवेद्यम प्रसाद वितरित किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त 6 हजार किलो प्रसाद तैयार करने की भी व्यवस्था रखी गई है। प्रबंधन के अनुसार, शहर की 52 झांकियां झंडा लेकर मंदिर पहुंचेंगी और सभी समितियों को सम्मानित किया जाएगा। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 20 एलईडी स्क्रीन लगाई गई हैं, जिनके माध्यम से पूजा का सीधा प्रसारण देखा जा सकेगा।

अंदर प्रसाद बिक्री पर रोक 

भीड़ प्रबंधन के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। श्रद्धालु उत्तरी गेट से प्रवेश कर पूर्वी गेट से बाहर निकलेंगे, जबकि जिला प्रशासन द्वारा पूरे आयोजन की वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी। मंदिर परिसर के अंदर प्रसाद बिक्री पर रोक रहेगी और बाहर निर्धारित स्थानों पर ही काउंटर लगाए गए हैं। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे तय मार्ग और व्यवस्थाओं का पालन करते हुए शांतिपूर्वक दर्शन करें।