कैमूर DM पर उठे सवाल: BJP MLC संतोष सिंह ने विधान परिषद में उठाया हथियार लाइसेंस का मामला
बीजेपी के एमएलसी संतोष सिंह ने कैमूर जिलाधिकारी पर गंभीर आरोप लगाए है। गुरुवार को विधान परिषद् मे अपनी बात रखते हुए संतोष सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधि के शस्त्र लाइसेंस के आवेदन को लंबित रखा जाता है.....
Patna : बिहार विधान परिषद में भारतीय जनता पार्टी के विधान पार्षद संतोष सिंह ने कैमूर के जिलाधिकारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए मामले को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिलाधिकारी ने स्वयं अपनी ही अनुशंसा पर अपना शस्त्र लाइसेंस जारी करा लिया, जबकि जनप्रतिनिधियों के लाइसेंस आवेदन लंबे समय से ठंडे बस्ते में पड़े हुए हैं।
मुखियाओं के लाइसेंस पेंडिंग, प्रक्रिया पर खड़े किए सवाल
सदन के भीतर अपनी बात रखते हुए संतोष सिंह ने कहा कि त्रिस्तरीय पंचायत राज व्यवस्था के तहत चुनकर आए जनप्रतिनिधि, विशेषकर मुखिया, सुरक्षा कारणों से शस्त्र लाइसेंस के लिए आवेदन करते हैं। हालांकि, जिला प्रशासन और डीएम स्तर पर उनके आवेदनों को समय से स्वीकृत करने के बजाय महीनों तक लंबित रखा जाता है।
'रुपये लेकर जारी हो रहे लाइसेंस', निष्पक्ष जांच की मांग
सदन के बाहर पत्रकारों से मुखातिब होते हुए भाजपा MLC ने आरोप लगाया कि कैमूर जिले में हथियार लाइसेंस निर्गत करने में भारी मनमानी और अनियमिताएं बरती जा रही हैं। उन्होंने सीधा आरोप लगाया कि पात्र आवेदकों को दरकिनार कर कुछ लोगों से पैसे लेकर अवैध तरीके से लाइसेंस बांटे जा रहे हैं।
सदन में दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की सिफारिश
संतोष सिंह ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। उनका कहना था कि जब तक इस तरह की प्रक्रियाओं में पारदर्शिता नहीं लाई जाएगी, तब तक सुरक्षा की गुहार लगाने वाले जनप्रतिनिधियों के अधिकार प्रभावित होते रहेंगे।
राजनीतिक हलकों में बढ़ी हलचल, प्रशासन से जवाब का इंतजार
भाजपा एमएलसी द्वारा उठाए गए इस गंभीर मुद्दे के बाद राज्य के प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। अब देखना होगा कि इस मामले पर जिला प्रशासन या राज्य सरकार की ओर से क्या स्पष्टीकरण और कदम उठाए जाते हैं।
अभिजीत की रिपोर्ट