मिलिए बिहार के इकलौते प्लांट कर्टर से, हाथी, घोड़ा, ऊट, सोफा बना देते हैं सब...विधानसभा में भी दिखाई कलाकारी, भाजपा अध्यक्ष भी हैं मुरीद
Patna - बिहार की राजधानी पटना पार्को का शहर बनता जा रहा है. बीते 5 साल में लगभग हर पार्क को सजाया और संवारा गया है. बिहार विधानसभा परिसर में भी प्लांटेशन का काम खूब हुआ. जब विधानसभा में प्लांटेशन का काम हो रहा था तब एक खास पौधा बाहर से मंगवाया गया. इस पौधे की पहली एंट्री सरकारी तौर पर बिहार में तब होती है. यही से इस पौधे की एक कटिंग एक पार्क तक पहुंचती है और पार्क में काम करने वाले राम नरेश यादव की कलाकारी शुरू हो जाती है. आज प्लांट डिजाइनर के तौर पर पूरे बिहार में मशहूर हो रहे हैं.

दरअसल जनवरी 2023 में बिहार विधानसभा में कारमोना बोनसाई प्लांट के कई वैरायटी मंगवाए गए थे. खासकर कारमोना बोनसाई के बेलकम और दो हार्स प्लांट बेहद खूबसूरत है और आज भी अपनी खूबसूरती के साथ खड़े है. यही से इस पौधे की एक कटिंग पटना के राजवंशी नगर स्थित नवीन सिन्हा पार्क पहुंचती है.
इस पार्क में पौधों की देखरेख और कटिंग के काम करने वाले राम नरेश यादव को आईडिया आता है. क्यों न इस पौधे को अच्छे से बढ़ाया जाए और फिर इसके बेबी प्लांट तैयार किए जाए. राम नरेश यादव अपने काम में पूरी शिद्दत से लग गए. मौजूदा टाइम में नवीन सिन्हा पार्क में कारमोना बोनसाई के कई प्लांट है. सभी प्लांट पर कटिंग की कलाकारी की हुई है.

कारमोना प्लांट की खासियत ये होती है आप जैसा चाहे वैसा रूप इस पौधे को दे सकते हैं. पर हां इसे संवारने और निखारने में मेहनत, टाइम और दिमाग तीनों लगता है. यही वजह है कि इस पौधे की कीमत लाखों रूपये तक होती है. राम नरेश यादव ने पार्क में कारमोना बोनसाई के एक मेल, एक फिमेल मोर, एक बड़ा वाला कछुआ, दो छोटा कछुआ, एक हाथी और एक बैढ़ने वाला सोफा बनाया है. राम नरेश यादव की मानें तो वो इस पौधे से हर जानवर बना सकते हैं. ये काम उन्होंने कहीं सीखा नहीं है. पौधों की कटिंग करते-करते अपने आप आ गया है. अगर कोई उनसे ये हुनर सीखना चाहता है तो वो फ्री में सीखाने को भी तैयार है.
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतिन नवीन के पिता के नाम पर बना नवीन सिन्हा पार्क में राम नरेश यादव बीते 5 साल से काम कर रहे हैं. प्लांट कटिंग के बेजोड़ कलाकार हैं. पौधों की कटिंग से कुछ भी नया बना देते हैं। खुद नितिन नवीन भी उनकी इस कलाकारी के मुरीद हैं।
Report - Debanshu Prabhat