INDIA alliance rally: ज्ञानेश कुमार पर चले देशद्रोह का मुकदमा', तेजस्वी यादव की मांग, अखिलेश ने यूपी में वोट कटने पर उठाए सवाल

INDIA alliance rally: दिल्ली के रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की रैली में तेजस्वी यादव ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर हमला बोला और उनके खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा चलाने की मांग की। अखिलेश यादव ने भी यूपी में वोट कटने का मुद्दा उठाया।

INDIA alliance rally

INDIA alliance rally: दिल्ली के रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ महारैली में RJD नेता तेजस्वी यादव ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाते हुए ज्ञानेश कुमार के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा चलाने और उन्हें जेल भेजने की मांग की। तेजस्वी ने अपने भाषण में महाभारत और शकुनि का जिक्र करते हुए कहा कि लोकतंत्र को बचाने के लिए अब लड़ाई लड़नी होगी।


तेजस्वी ने आरोप लगाया कि देश में किसे वोट देने का अधिकार मिलेगा और किसे नहीं, यह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के लोग तय कर रहे हैं। उन्होंने संवैधानिक संस्थाओं की भूमिका पर भी सवाल उठाए।


'शकुनि चाल चल रहा है, हमें कुरुक्षेत्र में उतरना होगा'


तेजस्वी यादव ने कहा कि रामलीला मैदान आमतौर पर रामायण के आयोजन के लिए जाना जाता है, लेकिन आज यहां वोट चोरों के खिलाफ महाभारत हो रहा है। उन्होंने कहा कि जब शकुनि अपनी चाल चल रहा है, तो उसका मुकाबला करने के लिए कुरुक्षेत्र में उतरना होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं और समर्थकों से लोकतंत्र बचाने का संकल्प लेने की अपील की। तेजस्वी ने कहा कि लोकतंत्र को किसी भी कीमत पर खत्म नहीं होने देना है।


चुनाव आयोग के सॉफ्टवेयर को लेकर लगाया घोटाले का आरोप


तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग के सॉफ्टवेयर को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सॉफ्टवेयर तैयार करने के लिए टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) को टेंडर दिया गया था, लेकिन इससे जुड़े दस्तावेज कहां हैं? उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए उसे 'दो नंबरी सरकार' और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को '10 नंबरी प्रधानमंत्री' कहा। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि आज RSS के लोग तय कर रहे हैं कि किसे वोट देने का अधिकार मिलेगा और किसे नहीं।


ज्ञानेश कुमार को बताया 'मोदी की कठपुतली'


RJD नेता ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को 'मोदी की कठपुतली' बताया। उन्होंने मांग की कि ज्ञानेश कुमार के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा चलाया जाए और उन्हें जेल भेजा जाए। तेजस्वी ने कहा कि ऐसी कार्रवाई होनी चाहिए, जिससे भविष्य में कोई भी लोकतंत्र को कमजोर करने की हिम्मत न करे। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतंत्र के लिए खतरा केवल तानाशाही से नहीं, बल्कि उन संस्थाओं से भी है, जो उनके मुताबिक स्वतंत्र रूप से काम नहीं कर रही हैं।


'यह लड़ाई वोटरों और चीटरों के बीच है'


तेजस्वी यादव ने अपने भाषण में मौजूदा राजनीतिक स्थिति को वोटरों और चीटरों के बीच की लड़ाई बताया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संबोधित करते हुए कहा कि अब उन्हें देश और ज्ञानेश कुमार में से किसी एक को चुनना होगा। तेजस्वी ने कहा कि वह बिहार की धरती से आते हैं और बिहार के लोग ऐसे लोगों को सबक सिखाएंगे। उन्होंने उत्तर प्रदेश के लोगों से आगामी विधानसभा चुनाव में बीजेपी को हराने की अपील भी की।


अखिलेश यादव ने उठाया वोट कटने का मुद्दा


रैली में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची से नाम हटाए जाने का मुद्दा उठाया। उन्होंने दावा किया कि रैली की तैयारी के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से बताया गया कि 1.27 लाख हिंदू मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से काट दिए गए हैं।


अखिलेश ने कहा कि हर विधानसभा क्षेत्र में करीब 31 हजार वोट कम हुए हैं। उन्होंने 'अंगद का पैर' वाली कहावत का जिक्र करते हुए तंज कसा कि जब जमीन ही नहीं बचेगी, तो पैर कहां रखा जाएगा? रैली में दोनों नेताओं ने मतदाता सूची, चुनाव आयोग और कथित वोट चोरी को लेकर केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर सवाल उठाए। हालांकि, तेजस्वी और अखिलेश की ओर से लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और संबंधित संस्थाओं का पक्ष सामने आना जरूरी है।