Bihar Politics: केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी को किससे लगता है डर, सीएम सम्राट के सामने भरे मंच से किया खुलासा
Bihar Politics: केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने सीएम सम्राट के सामने भरे मंच से कहा कि उन्हें सम्राट चौधरी से डर लगता है। वो डर डर के उनको आमंत्रण भेजे कि वो आएंगे या नहीं आएंगे।
Bihar Politics: केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने भरे मंच से ऐसा खुलासा कर दिया जिससे सुन सभी दंग रह गए। दरअसल, आज यानी मंगलवार को पटना से सटे बिहटा में निर्मित अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी केंद्र का उद्घाटन किया गया। उद्घाटन समारोह में सीएम सम्राट चौधरी भी पहुंचे। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और केंद्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री जीतन राम मांझी ने संयुक्त रूप से उद्घाटन किया। इस दौरान जीतन राम मांझी ने जिससे सभी दंग रह गए।
सीएम सम्राट से लगता है डर
जीतन राम मांझी ने भरे मंच से कहा कि उन्हें सीएम सम्राट चौधरी से डर लगता है। उन्होंने कहा कि हमलोगों को डर लग रहा था कि वो आएंगे या नहीं आएंगे। उन्होंने लिखकर भेजा तो सीएम सम्राट ने तुरंत स्वीकार कर लिया और कार्यक्रम में शामिल भी हुए। जीतन राम मांझी ने कहा कि वो बीते दिन सीएम सम्राट चौधरी से मुलाकात कर उनसे आग्रह किया कि वो कार्यक्रम में शामिल हो।
मांझी ने सम्राट को दिया आशीर्वाद
जीतन राम मांझी ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का आभार व्यक्त करते हैं और साथ ही उम्र के हिसाब से उनके आशीर्वाद भी देते हैं। मांझी ने कहा कि, बिहार के युवाओं में हुनर की कमी नहीं है। ये टेक्नोलॉजी सेंटर उन्हें वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करेंगे। 'लोकल टू ग्लोबल' का सपना यहीं से पूरा होगा।
एक साथ 5 जिलों को मिली सौगात
बिहटा मुख्य केंद्र के साथ ही मुजफ्फरपुर, रोहतास, दरभंगा और मुंगेर में स्थापित MSME एक्सटेंशन सेंटरों का भी रिमोट के जरिए शुभारंभ किया गया। इन केंद्रों से स्थानीय उद्यमियों को नई तकनीक, प्रशिक्षण और उत्पादन में मदद मिलेगी।
कौन-कौन रहे मौजूद
उद्घाटन समारोह में विधान पार्षद नवल किशोर यादव, मुख्य सचिव डॉ. प्रत्यय अमृत, कुमार रवि, एडीजे कुंदन कृष्णन सहित हम पार्टी के कई विधायक और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
क्या होगा फायदा
1. तकनीकी सहायता: MSME इकाइयों को आधुनिक मशीनों और टेस्टिंग सुविधाएं मिलेंगी।
2. कौशल विकास: युवाओं को टूल डिजाइन, ऑटोमेशन और मैन्युफैक्चरिंग में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
3. रोजगार सृजन: नए उद्यमों को बढ़ावा मिलने से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
4. उत्पाद गुणवत्ता: एक्सपोर्ट क्वालिटी उत्पाद बनाने में मदद मिलेगी।