पुर्णिया पुलिस का बड़ा एक्शन: माइक्रो फाइनेंस कर्मी से लूटकांड का पर्दाफाश, मुख्य आरोपी और महिला गिरफ्तार!
पूर्णिया के जानकीनगर में फाइनेंस कर्मी से हुई लूटकांड का सफल उद्भेदन. SDPO बनमनखी के नेतृत्व में मधेपुरा से मुख्य आरोपी रंजीत राम समेत 2 गिरफ्तार, लूटा गया मोबाइल बरामद. फरार अपराधियों के लिए छापेमारी जारी
पूर्णिया पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जहां जानकीनगर थाना क्षेत्र में एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी से हुई लूट की वारदात का सफल उद्भेदन कर लिया गया है। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी समेत दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई की सबसे बड़ी बात यह रही कि पुलिस ने अपराधियों के पास से घटना के दौरान लूटा गया मोबाइल फोन भी सकुशल बरामद कर लिया है।
3 जून को हथियार के बल पर हुई थी ₹54 हजार की लूट
यह पूरा मामला बीते 3 जून 2026 का है, जब जानकीनगर थाना क्षेत्र में अज्ञात अपराधियों ने एक माइक्रो फाइनेंस कर्मी को अपना निशाना बनाया था। अपराधियों ने कर्मी से ₹54,150 नकद और उसका मोबाइल फोन लूट लिया था और फरार हो गए थे। इस घटना को लेकर जानकीनगर थाने में कांड संख्या 180/26 दर्ज की गई थी, जिसके बाद से ही पुलिस की टीमें लुटेरों की तलाश में लगातार सुराग ढूंढ रही थीं।

बनमनखी SDPO के नेतृत्व में मधेपुरा से हुई अपराधियों की गिरफ्तारी
लूट की इस गंभीर वारदात को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर बनमनखी के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) शैलेश प्रीतम के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया था। पुलिस की टीम ने तकनीकी और मानवीय अनुसंधान (Technical & Human Intelligence) का सहारा लिया, जिसके आधार पर मधेपुरा जिले के बिहारीगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत लक्ष्मीपुर निवासी रंजीत राम और एक महिला अभियुक्त को धर दबोचा गया।
मुख्य आरोपी ने कबूला गुनाह, फरार साथियों की तलाश में छापेमारी जारी
गिरफ्तारी के बाद जब मुख्य आरोपी रंजीत राम से पुलिस लाइन में कड़ाई से पूछताछ की गई, तो उसने लूटकांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। यही नहीं, उसने इस घटना को अंजाम देने वाले अपने अन्य साथियों के नामों का भी खुलासा किया है। पुलिस अब रंजीत के बयान के आधार पर फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। इस सफल ऑपरेशन में जानकीनगर थाना, चकमका ओपी और सशस्त्र बल के जवानों की मुख्य भूमिका रही।
रिपोर्ट- अंकित