Saharsa religious conversion: सहरसा के पासवान टोला में कथित धर्म परिवर्तन का आरोप, बजरंग दल की सूचना पर तीन लोग हिरासत में
Saharsa religious conversion: सहरसा के पासवान टोला में कथित धर्म परिवर्तन के प्रयास का आरोप, बजरंग दल की सूचना पर पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लिया, जांच जारी।
Saharsa religious conversion: बिहार के सहरसा जिले के पासवान टोला इलाके में कथित रूप से धर्म परिवर्तन कराने के प्रयास का मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया है। स्थानीय लोगों की सूचना पर बजरंग दल ने आरोप लगाया है कि कुछ बाहरी लोग खुद को धार्मिक उपदेशक बताकर गरीब, पिछड़े और वंचित समुदाय के लोगों को लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित कर रहे थे। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीन पुरुषों को हिरासत में ले लिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
स्थानीय सूचना के बाद सक्रिय हुआ बजरंग दल
बजरंग दल के पदाधिकारियों के अनुसार, पासवान टोला के कुछ स्थानीय नागरिकों ने संगठन को जानकारी दी थी कि बाहरी लोग धार्मिक सभा के नाम पर लोगों को एकत्र कर रहे हैं और उन्हें आर्थिक व अन्य सुविधाओं का प्रलोभन दिया जा रहा है। सूचना मिलते ही बजरंग दल की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। बजरंग दल की टीम का नेतृत्व जिला अध्यक्ष पिंपल सिंह, जिला सुरक्षा प्रमुख मानस मिश्रा और अनंत झा रोशन (आजाद) ने किया। संगठन का दावा है कि मौके पर पहुंचने के बाद उन्हें गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद प्रशासन को सूचित किया गया।
मौके पर मिले पांच लोग, एक ने खुद को बताया पास्टर
बजरंग दल के अनुसार, जिस स्थान पर कथित गतिविधियां चल रही थीं वहां कुल पांच लोग मौजूद थे, जिनमें तीन पुरुष और दो महिलाएं शामिल थीं। पुरुषों में से एक व्यक्ति ने खुद को पास्टर बताते हुए अपना नाम धर्मेंद्र राय बताया, जो विराट, पंचगछिया का निवासी बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि ये लोग कथित रूप से लोगों को मैक्सी फ्रिज, पचास हजार रुपये नकद, इलाज की सुविधा और अन्य आर्थिक सहायता का लालच देकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे थे। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो पाएगी।
पुलिस की कार्रवाई, तीन पुरुष हिरासत में
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए बजरंग दल ने सदर थाना पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर सदर थाना के बड़े बाबू सुबोध कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद तीन पुरुषों को हिरासत में ले लिया, जबकि दो महिलाएं महिला होने के कारण मौके से चली गईं। फिलहाल हिरासत में लिए गए तीनों पुरुष सदर थाना, सहरसा की अभिरक्षा में हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में विधिसम्मत तरीके से जांच की जा रही है।
बजरंग दल का बयान, प्रलोभन से धर्म परिवर्तन अपराध
बजरंग दल ने अपने बयान में कहा है कि भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को अपने धर्म का पालन करने की स्वतंत्रता देता है, लेकिन लालच, दबाव, धोखे या आर्थिक प्रलोभन के जरिए कराया गया धर्म परिवर्तन कानून के तहत अपराध है। संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि वह किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं है, बल्कि गरीब और भोले-भाले लोगों के शोषण के खिलाफ आवाज उठा रहा है।
प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग
बजरंग दल ने जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की जाए और यदि किसी संगठित नेटवर्क की भूमिका सामने आती है तो उससे जुड़े सभी लोगों पर कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए। संगठन का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रशासन को सख्त कदम उठाने चाहिए।
पुलिस जांच जारी, सभी पहलुओं की हो रही पड़ताल
पुलिस सूत्रों के अनुसार, हिरासत में लिए गए लोगों से उनकी पहचान, इलाके में आने का उद्देश्य, किसी प्रकार के आर्थिक लेन-देन और स्थानीय संपर्कों को लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या यह मामला किसी बड़े नेटवर्क से जुड़ा हुआ है। आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।
छोटू सरकार सहरसा