शहीद जवान को सेना की सलामी और बेटे की मुखाग्नि: सारण के फकुली गांव में गमगीन माहौल के बीच अंतिम विदाई
सारण जिले के दिघवारा स्थित फकुली गांव निवासी सेना के जवान राजेश कुमार सिंह का पुणे में इलाज के दौरान निधन हो गया।अपराधियों की गोली से घायल जवान का पार्थिव शरीर गांव पहुंचते ही कोहराम मच गया।बोधा छपरा घाट पर सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया
सारण जिले के दिघवारा प्रखंड स्थित हराजी पंचायत के फकुली गांव में शुक्रवार को उस वक्त मातम छा गया, जब तिरंगे में लिपटा सेना के जवान राजेश कुमार सिंह का पार्थिव शरीर उनके पैतृक आवास पहुंचा। 40 वर्षीय राजेश कुमार सिंह की पुणे में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। जैसे ही उनका पार्थिव शरीर घर लाया गया, परिजनों के करुण क्रंदन से पूरा गांव शोक में डूब गया। उनके अंतिम दर्शन के लिए फकुली और आसपास के ग्रामीण इलाकों से सैकड़ों लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
ड्यूटी के दौरान अपराधियों ने मारी थी गोली, इलाज के दौरान तोड़ा दम
परिजनों के अनुसार, अवतार नगर थाना क्षेत्र के फकुली गांव निवासी वीर बहादुर सिंह के पुत्र राजेश कुमार सिंह थल सेना से सेवानिवृत्त होने के बाद पुणे में सेना के ही एक विंग में कार्यरत थे। बीते 11 सितंबर को ड्यूटी के दौरान अपराधियों ने उन्हें गोली मार दी थी। गंभीर अवस्था में उन्हें पुणे के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां मंगलवार की सुबह इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। पुणे में आवश्यक सैन्य व कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उनका पार्थिव शरीर सम्मानपूर्वक उनके पैतृक गांव लाया गया।

सोनपुर विधायक ने दी श्रद्धांजलि, बोधा छपरा गंगा घाट पर उमड़ा जनसैलाब
जवान के निधन की सूचना मिलते ही सोनपुर विधायक विनय कुमार सिंह, पूर्व मुखिया राकेश कुमार सिंह, हेमनारायण सिंह और डॉ. पंकज सिंह समेत कई सामाजिक और राजनीतिक हस्तियां फकुली गांव पहुंचीं। विधायक और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इसके बाद पूरे राजकीय व सैन्य सम्मान के साथ उनकी अंतिम यात्रा बोधा छपरा स्थित गंगा घाट के लिए रवाना हुई, जिसमें जनसैलाब उमड़ पड़ा।

सेना के जवानों ने दी अंतिम सलामी, पुत्र ने नम आंखों से दी मुखाग्नि
बोधा छपरा (आमी) गंगा घाट पर सेना की टुकड़ी के जवानों ने सशस्त्र अंतिम सलामी देकर अपने साथी को विदा किया। इसके बाद पूरे धार्मिक रीति-रिवाजों के बीच मृतक जवान के पुत्र ने नम आंखों से अपने पिता को मुखाग्नि दी। 'राजेश कुमार सिंह अमर रहें' के नारों और गमगीन माहौल के बीच उपस्थित सैकड़ों ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने अश्रुपूरित आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
धर्मेन्द्र रस्तोगी की रिपोर्ट