जिला जनता दरबार मे 80 मामलों की हुई सुनवाई, डीएम ने अधिकारियों को दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश

जिला जनता दरबार मे 80 मामलों की हुई सुनवाई, डीएम ने अधिकारिय
जिला जनता दरबार मे उमड़ी लोगों की भीड़- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान और प्रशासन को जनता के प्रति अधिक जवाबदेह बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को समाहरणालय स्थित लहटन चौधरी सभागार में जिला जनता दरबार का आयोजन किया गया। जिला पदाधिकारी (DM) सावन कुमार की अध्यक्षता में आयोजित इस जनता दरबार में जिले के विभिन्न प्रखंडों और पंचायतों से पहुंचे लोगों ने अपनी शिकायतों से संबंधित कुल 80 आवेदन प्रस्तुत किए, जिन पर डीएम ने गंभीरता से सुनवाई करते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निष्पादन का निर्देश दिया।


विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों पर हुई सुनवाई

जनता दरबार के दौरान भूमि विवाद, राजस्व मामले, अतिक्रमण, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड, सड़क व नाली निर्माण, विद्युत आपूर्ति, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, पुलिस प्रशासन और प्रमाण पत्र निर्गत करने से जुड़े कई आवेदन प्राप्त हुए। जिलाधिकारी ने एक-एक आवेदक की समस्या को ध्यानपूर्वक सुना और मौके पर ही संबंधित विभागों के अधिकारियों को मामलों को अग्रसारित कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिन समस्याओं का समाधान मौके पर संभव था, उनके लिए तत्काल निर्देश जारी किए गए।


लापरवाही बर्दाश्त नहींसमयबद्ध निष्पादन पर जोर

डीएम सावन कुमार ने स्पष्ट शब्दों में अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता की समस्याओं का समाधान जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनता दरबार केवल शिकायतें सुनने का मंच नहीं है, बल्कि यह समस्याओं के प्रभावी समाधान की महत्वपूर्ण व्यवस्था है। उन्होंने प्राप्त प्रत्येक आवेदन की नियमित मॉनिटरिंग करने और आवेदकों को की गई कार्रवाई से अवगत कराने के भी निर्देश दिए।


प्रशासन और जनता के बीच मजबूत हो रहा संवाद

कार्यक्रम में पहुंचे फरियादियों ने सीधे जिलाधिकारी के समक्ष अपनी बात रखने का अवसर मिलने पर संतोष जताया। लोगों का कहना था कि इस व्यवस्था से आम नागरिकों को अपनी समस्याएं रखने का बेहतर मंच मिलता है। जनता दरबार में उप विकास आयुक्त इन्द्रवीर कुमार, निदेशक (एनईपी डीआरडीए) अनित कुमार, विशेष कार्य पदाधिकारी विकास कुमार कर्ण, वरीय उप समाहर्ता मुकेश कुमार सहित विभिन्न विभागों के प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे, जिन्होंने सभी मामलों पर उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट