सुपौल के इस गांव के लोगो का बड़ा फैसला: नशे का कारोबार करने वालों पर 25 हजार और सेवन करने वालों पर 5100 जुर्माना
सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र स्थित बेलौखरा गांव के लोगों ने सुखे नशे के खिलाफ बड़ा निर्णय लिया है। ग्रामीणों ने नशे का कारोबार करते पकड़े जाने वाले पर 25 हजार और सेवन करने वालों 5100 रुपये जुर्माना लगाने का फैसला किया है....
Supaul : जिले के पिपरा थाना क्षेत्र अंतर्गत थुमहा पंचायत के बेलौखरा वार्ड संख्या-4 स्थित सोनाई बाबा मंदिर परिसर में बुधवार को ग्रामीणों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक क्षेत्र को नशामुक्त बनाने के लिए चलाए जा रहे "नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो" अभियान के तहत बुलाई गई थी। बैठक में गांव में तेजी से पांव पसार रहे सूखे नशे, स्मैक और प्रतिबंधित इंजेक्शनों के अवैध कारोबार पर पूर्ण विराम लगाने के लिए कई कड़े और ठोस फैसले लिए गए।
नशा बेचने और सेवन करने वालों पर तय हुआ भारी सामाजिक जुर्माना
बैठक में उपस्थित सभी ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि यदि गांव में कोई व्यक्ति नशे का कारोबार करते हुए पकड़ा जाता है, तो उस पर 25,000 का आर्थिक जुर्माना लगाया जाएगा। वहीं, सार्वजनिक या व्यक्तिगत रूप से नशे का सेवन करते पाए जाने पर 5,100 का जुर्माना वसूला जाएगा। इसके अतिरिक्त, नशे के सौदागरों और इसका सेवन करने वालों को तुरंत पुलिस के हवाले किया जाएगा ताकि उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके।
समाजसेवियों ने दी चेतावनी, कहा- युवाओं के भविष्य को निगल रहा सूखा नशा
बैठक को संबोधित करते हुए स्थानीय समाजसेवियों ने चिंता जताते हुए कहा कि स्मैक और प्रतिबंधित दवाओं की लत ने गांव की युवा पीढ़ी को गंभीर संकट में डाल दिया है। सूखे नशे के बढ़ते चलन से न केवल परिवार बिखर रहे हैं, बल्कि गांव में आपराधिक गतिविधियों में भी वृद्धि हो रही है। वक्ताओं ने कहा कि अब केवल जागरूकता फैलाने से काम नहीं चलेगा, बल्कि सामाजिक स्तर पर कड़ाई बरतना भी बेहद आवश्यक हो गया है।
नशा उन्मूलन के लिए बनी निगरानी समिति, पुलिस गश्त बढ़ाने की उठी मांग
गांव में नशाबंदी अभियान को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए ग्रामीणों ने एक विशेष 'निगरानी समिति' का गठन किया। यह समिति गांव के विभिन्न हिस्सों में होने वाली संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखेगी और सूचना मिलते ही पुलिस को सूचित करेगी। साथ ही ग्रामीणों ने स्थानीय पुलिस प्रशासन से मांग की कि क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाई जाए ताकि असामाजिक तत्वों और नशा तस्करों में कानून का खौफ बना रहे।
अभियान में ग्रामीणों की जुटी भारी भीड़, समाज सुधार का लिया संकल्प
"नशामुक्त गांव ही सुरक्षित और समृद्ध समाज की पहचान है" के संकल्प के साथ आयोजित इस बैठक में गांव के हर परिवार से इस मुहिम में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की गई। बैठक में मुख्य रूप से फुलेश्वर मंडल, राहुल मंडल, कमल किशोर मंडल, रमेश मंडल, कपिलेश्वर मंडल, लालदास मंडल, रमन कुमार, मन्नु कुमार, सुभाष मंडल, अर्जुन शर्मा, चंदू कुमार, भोला मंडल और अनुपलाल मंडल सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट