राष्ट्रीय लोक अदालत में 1700 से अधिक मामलों के निस्तारण की तैयारी, यातायात चालान पर रहेगा विशेष जोर

सुपौल जिले में आगामी 12 सितंबर को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने को लेकर बैठक हुई। इस बैठक में सबसे ज्यादा जोर ट्रॉफिक चालान से जुड़े मामले के निपटारे पर जोर दिया गया......

राष्ट्रीय लोक अदालत में 1700 से अधिक मामलों के निस्तारण की त
राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर बैठक- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : जिले में आगामी 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियां जोरों पर हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के प्रभारी सचिव मोहम्मद अफजल आलम की अध्यक्षता में संबंधित कार्यपालक अधिकारियों के साथ हुई बैठक में लंबित और निस्तारण योग्य मामलों को चिन्हित कर उनके त्वरित निष्पादन पर विस्तृत रणनीति बनाई गई।


यातायात चालान के 1000 मामलों का हो सकता है निपटारा

बैठक में विशेष रूप से यातायात चालान से जुड़े मामलों के निष्पादन पर जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ऐसे मामलों को चिन्हित कर अधिक से अधिक लोगों को लोक अदालत के माध्यम से राहत पहुंचाई जाए। संभावना जताई गई है कि केवल यातायात चालान से जुड़े लगभग 1,000 मामलों का निपटारा इस लोक अदालत में कराया जाएगा।


महिला हेल्पलाइन से लेकर विद्युत और खनन विभाग के मामले शामिल

राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों का निष्पादन किया जाएगा। इसमें विद्युत विभाग के लगभग 400, महिला हेल्पलाइन के करीब 40, माप-तौल विभाग के 200, वन विभाग के 20 और खनन विभाग के 30 से अधिक मामले शामिल हैं। इस प्रकार कुल मिलाकर 1,700 से अधिक मामलों के सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण का लक्ष्य रखा गया है।


सुलह-समझौते से त्वरित और सुलभ न्याय का अवसर

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आम नागरिकों और संबंधित पक्षकारों से अपील की है कि वे लंबित मामलों के लिए लोक अदालत का लाभ उठाएं। प्राधिकरण के अनुसार, इस मंच के माध्यम से मामलों का समाधान बिना किसी लंबी कानूनी प्रक्रिया के, आपसी सहमति और शांतिपूर्ण तरीके से कराया जा सकता है।


नागरिकों से राष्ट्रीय लोक अदालत का लाभ उठाने की अपील

राष्ट्रीय लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य आम लोगों को त्वरित, सस्ता और सुलभ न्याय प्रदान करना है। अधिकारियों ने नागरिकों से आग्रह किया है कि जिन लोगों के भी यातायात चालान या अन्य विभागों से जुड़े मामले लंबित हैं, वे 12 सितंबर को उपस्थित होकर इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट