शहजादी की तरह हुआ स्वागत! बेटी के जन्म पर पिता ने फूलों से सजाई कार, नन्ही 'लक्ष्मी' के लिए किया ऐसा जश्न कि देखते रह गए लोग

एक पिता ने बेटी के जन्म पर अपनी कार को फूलों और गुब्बारों से सजाकर अस्पताल पहुंचकर खुशियां मनाईं, जो समाज में बेटियों के प्रति बदलती सकारात्मक सोच की एक मिसाल बन गई है।

शहजादी की तरह हुआ स्वागत! बेटी के जन्म पर पिता ने फूलों से स

Supaul -   समाज में बेटियों को लेकर बदलती सोच की एक बेहद खूबसूरत तस्वीर सुपौल जिले से सामने आई है। यहाँ राघोपुर प्रखंड के धरहरा पंचायत निवासी निरंजन कुमार ने अपने घर बेटी के जन्म पर जो खुशियाँ मनाई, उसने न केवल अस्पताल प्रशासन बल्कि पूरे इलाके का दिल जीत लिया। अपनी नवजात बेटी और पत्नी को लेने के लिए पिता फूलों और गुब्बारों से सजी हुई कार लेकर अस्पताल पहुंचे। 

अस्पताल में सफल प्रसव और 'हर्षिदा' का आगमन


राघोपुर रेफरल अस्पताल में निरंजन कुमार की पत्नी मनीषा कुमारी ने एक स्वस्थ पुत्री को जन्म दिया। डॉ. दीपक गुप्ता और नर्सिंग स्टाफ गुंजन भारती, शिवानी मरांडी व मंजू कुमारी के सहयोग से प्रसव सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। परिवार ने प्यार से अपनी नन्ही बिटिया का नाम ‘हर्षिदा भारती’ रखा है। 

सजी-धजी कार बनी चर्चा का विषय

बेटी के जन्म की खबर मिलते ही पिता निरंजन कुमार की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने अपनी कार को रंग-बिरंगे गुब्बारों और ताजे फूलों से किसी दुल्हन की गाड़ी की तरह सजवाया और उसी कार से अस्पताल पहुंचे। जैसे ही यह सजी हुई कार अस्पताल परिसर में रुकी, वहां मौजूद मरीज, तीमारदार और स्वास्थ्य कर्मी इस अनोखे नजारे को देखकर दंग रह गए। 

समाज के लिए एक सशक्त संदेश

जहाँ आज भी समाज के कई हिस्सों में बेटे की चाहत अधिक देखी जाती है, वहीं निरंजन कुमार की इस पहल ने समानता का एक बड़ा संदेश दिया है। स्थानीय लोगों ने इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं बेटियों के प्रति सम्मान और गौरव की भावना को मजबूत करती हैं। अस्पताल प्रशासन ने भी इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया है। 

बेटियां बोझ नहीं, परिवार का गर्व हैं

खुशी जाहिर करते हुए पिता निरंजन कुमार ने कहा, "मेरे लिए बेटा और बेटी दोनों समान हैं। बेटी लक्ष्मी का रूप होती है और उसके आने से मेरा परिवार धन्य हो गया है"। उन्होंने अन्य लोगों से भी अपील की कि वे बेटियों को बोझ समझने के बजाय उन पर गर्व करें और उनके जन्म का जश्न इसी तरह धूमधाम से मनाएं।

Report - vinay kumar  mishra