मकान निर्माण के दौरान हाई टेंशन तार की चपेट में आए तीन लोग झुलसे, दो गंभीर हालत में PMCH रेफर

वैशाली जिले के बिदुपुर थाना क्षेत्र के मथुरा गांव में हाई टेंशन बिजली तार की चपेट में आने से तीन लोग झुलस गए। जिसमे दो की गंभीर स्थिति को देखते हुए पटना पीएमसीएच रेफर किया गया है.....

मकान निर्माण के दौरान हाई टेंशन तार की चपेट में आए तीन लोग झ
हाई टेंशन तार की चपेट में आने से तीन झुलसे- फोटो : रिषभ कुमार

Vaishali : जिले से इस वक्त की एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां बिदुपुर थाना क्षेत्र के मथुरा गांव में हाई टेंशन बिजली तार की चपेट में आने से तीन लोग गंभीर रूप से झुलस गए। इस हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को आनन-फानन में इलाज के लिए वैशाली के सदर अस्पताल लाया गया।


सरिया खींचने के दौरान हुआ हादसा

मिली जानकारी के मुताबिक, यह दर्दनाक हादसा उस समय हुआ जब मकान निर्माण का कार्य चल रहा था। मथुरा गांव के रहने वाले लालू सिंह के मकान के तीसरे तल्ले पर निर्माण कार्य चल रहा था और मजदूर नीचे से ऊपर की ओर लोहे के सरिया को रस्सी के सहारे खींच रहे थे। इसी दौरान सरिया पास से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के हाई टेंशन तार के संपर्क में आ गया, जिससे यह भयानक हादसा हुआ।


करंट की चपेट में आए तीन लोग

लोहे के सरिया में हाई वोल्टेज करंट प्रवाहित होते ही दो मजदूरों सहित तीन लोग इसकी चपेट में आ गए और बुरी तरह झुलस गए। हादसे में घायल हुए लोगों की पहचान प्रमोद सिंह, उमाशंकर सिंह और संजीत कुमार के रूप में की गई है। करंट लगते ही सभी घायल वहीं गिर पड़े, जिसके बाद निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया।


दो घायलों की गंभीर स्थिति, PMCH रेफर

सदर अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने दो लोगों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए पटना के पीएमसीएच (PMCH) रेफर कर दिया है। वहीं, एक अन्य घायल का इलाज फिलहाल सदर अस्पताल में ही चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार, पीएमसीएच रेफर किए गए दोनों मरीजों की हालत चिंताजनक बनी हुई है और उन्हें विशेष निगरानी में रखा गया है।


बिजली विभाग पर फूटा लोगों का गुस्सा

इस घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों में बिजली विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश देखा जा रहा है। ग्रामीणों ने विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि नवनिर्मित छत से बिजली का हाई टेंशन तार महज तीन मीटर की दूरी पर है, जो सीधे तौर पर विभाग की सुस्ती और अनदेखी को दर्शाता है। लोगों ने मांग की है कि आबादी वाले क्षेत्रों से इन खतरनाक तारों को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए।


रिषभ की रिपोर्ट