Petrol Diesel Rate: गैस सिलेंडर महंगा होने से पहले चेक करें आज की कीमतें, जानें क्या है दिल्ली से मुंबई तक रेट
Petrol Diesel Rate: पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 22 मई 2026 को कोई बदलाव नहीं हुआ। जानिए आपके शहर में आज क्या है नया रेट और क्यों आगे बढ़ सकते हैं दाम।
Petrol Diesel Rate: पूरे देश में 22 मई, शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। तेल कंपनियों ने आज भी पुराने रेट ही जारी किए हैं। हालांकि पिछले कुछ दिनों में पेट्रोल-डीजल के दाम लगातार बढ़े हैं, इसलिए लोगों के मन में यह सवाल बना हुआ है कि आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ेंगी या नहीं।
इस हफ्ते की शुरुआत में ही पेट्रोल और डीजल दोनों महंगे हुए थे। पेट्रोल की कीमत में 87 पैसे प्रति लीटर और डीजल में 91 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई थी। इसके बाद देश के कई शहरों में पेट्रोल और डीजल अपने नए ऊंचे स्तर पर पहुंच गए हैं। फिलहाल आज कीमतों में राहत जरूर है, लेकिन तेल कंपनियों को हो रहे नुकसान की वजह से आगे फिर से दाम बढ़ने की संभावना बताई जा रही है।
देश के तमाम शहरों में पेट्रोल-डीजल की दाम
आज दिल्ली में पेट्रोल 98.64 रुपये प्रति लीटर और डीजल 91.58 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। मुंबई में पेट्रोल 111.88 रुपये और डीजल 99.95 रुपये प्रति लीटर है। कोलकाता में पेट्रोल का दाम 107.12 रुपये और डीजल 94.08 रुपये प्रति लीटर है। चेन्नई में पेट्रोल 107.59 रुपये और डीजल 96.07 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। नोएडा में पेट्रोल 98.49 रुपये और डीजल 91.81 रुपये प्रति लीटर है। लखनऊ में पेट्रोल 98.42 रुपये और डीजल 91.61 रुपये प्रति लीटर मिल रहा है। जयपुर में पेट्रोल 108.81 रुपये और डीजल 94.05 रुपये प्रति लीटर है। बेंगलुरू में पेट्रोल 109.70 रुपये और डीजल 95.04 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। वहीं हैदराबाद में पेट्रोल 110.02 रुपये और डीजल 99.95 रुपये प्रति लीटर पहुंच गया है।
तेल कंपनियों की दलील
तेल कंपनियों का कहना है कि उन्हें पेट्रोल, डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर बेचने में भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। जानकारी के मुताबिक सरकारी तेल कंपनियों को हर दिन करीब 1,380 करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा था। हालांकि हाल में पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ाने के बाद यह नुकसान कुछ कम हुआ है और अब यह करीब 750 करोड़ रुपये रोज रह गया है।
कंपनियों को बड़ा घाटा
सिर्फ पेट्रोल और डीजल ही नहीं, घरेलू एलपीजी सिलेंडर पर भी कंपनियों को बड़ा घाटा हो रहा है। एचपीसीएल के मुताबिक 14.2 किलो वाले घरेलू गैस सिलेंडर पर फिलहाल करीब 670 रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। यही वजह है कि आने वाले समय में रसोई गैस की कीमतों में भी बढ़ोतरी हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें अभी भी ऊंची बनी हुई हैं। पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव और तेल सप्लाई को लेकर बनी चिंता का असर सीधे भारत पर पड़ रहा है। अगर आने वाले दिनों में कच्चा तेल और महंगा होता है, तो पेट्रोल-डीजल के दाम में फिर बढ़ोतरी देखी जा सकती है।