Bihar jobs: 18 लाख नौकरियों का बड़ा ऐलान! बिहार में रोजगार का मेगा प्लान, सम्राट सरकार ने खोला भर्ती का खजाना, युवाओं के लिए सुनहरा मौका
Bihar jobs: बिहार में रोजगार की तलाश में दर-दर भटक रहे लाखों युवाओं के लिए राहत और उम्मीद की बड़ी खबर सामने आई है। ..
Bihar jobs: बिहार में रोजगार की तलाश में दर-दर भटक रहे लाखों युवाओं के लिए राहत और उम्मीद की बड़ी खबर सामने आई है। लंबे समय से बेरोज़गारी को लेकर सियासी सियासी घमासान के बीच अब सम्राट चौधरी सरकार ने रोजगार के मोर्चे पर बड़ा रोडमैप तैयार किया है। सरकार ने चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में 18 लाख 73 हजार 408 लोगों को रोज़ी-रोज़गार उपलब्ध कराने का लक्ष्य तय किया है। इस फैसले को लेकर युवा वर्ग में नई उम्मीद जगी है, क्योंकि राज्य में रोजगार हमेशा से सबसे बड़ा चुनावी और राजनीतिक मुद्दा रहा है।
सरकार पहले ही अगले पांच वर्षों में एक करोड़ लोगों को रोज़गार देने का एलान कर चुकी है। अब इस वादे को ज़मीन पर उतारने के लिए विभागवार लक्ष्य भी तय कर दिए गए हैं। युवा रोजगार एवं कौशल विकास विभाग ने सभी संबंधित विभागों को इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश भेज दिए हैं, ताकि तय समय के भीतर भर्ती और रोजगार सृजन की प्रक्रिया पूरी की जा सके।
सरकारी सूत्रों के मुताबिक, रोजगार उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी जिन विभागों को दी गई है, उनमें युवा रोजगार एवं कौशल विकास विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, नागर विमानन विभाग, उद्योग विभाग, श्रम संसाधन विभाग और शिक्षा विभाग प्रमुख रूप से शामिल हैं। इन विभागों के माध्यम से नई भर्तियों के साथ-साथ विभिन्न योजनाओं के जरिए भी लाखों लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा।
अधिकारियों का कहना है कि सरकार ने पहले से संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं से मिलने वाले रोजगार को भी इस लक्ष्य में शामिल किया है। इसके अलावा कई विभाग नई योजनाएं शुरू करेंगे, जिनके माध्यम से अतिरिक्त रोजगार के अवसर पैदा होंगे। तय योजना के अनुसार, पहले से संचालित योजनाओं के जरिए 16 लाख 94 हजार 323 लोगों को रोज़ी-रोज़गार मिलेगा, जबकि नई योजनाओं के तहत 1 लाख 79 हजार 85 लोगों के लिए रोजगार के नए दरवाजे खुलेंगे।
विधानसभा चुनाव के बाद से ही सरकार ने रोजगार मिशन को तेज़ी से आगे बढ़ाना शुरू कर दिया था। इसी का नतीजा है कि पिछले कुछ महीनों में भी बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिलने का दावा किया गया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार नवंबर 2025 से मई 2026 के बीच 4 लाख 82 हजार 914 लोगों को रोज़ी-रोज़गार उपलब्ध कराया गया।
महीनेवार आंकड़ों पर नज़र डालें तो नवंबर 2025 में 52 हजार 81, दिसंबर में 68 हजार 257, जनवरी 2026 में 55 हजार 150, फरवरी में 60 हजार 512, मार्च में 65 हजार 988, अप्रैल में 1 लाख 52 हजार 481 और मई में 28 हजार 445 लोगों को रोजगार मिलने का दावा किया गया है। अप्रैल का आंकड़ा सबसे अधिक रहा, जिसने सरकार के रोजगार अभियान को नई रफ्तार मिलने का संकेत दिया।
बिहार में बेरोज़गारी को लेकर विपक्ष लगातार सरकार पर निशाना साधता रहा है। ऐसे में 18 लाख से अधिक रोजगार देने का यह लक्ष्य सरकार के लिए किसी इम्तिहान से कम नहीं होगा। यदि तय समय में यह लक्ष्य पूरा होता है तो न सिर्फ लाखों युवाओं की तक़दीर बदलेगी, बल्कि राज्य की आर्थिक गतिविधियों को भी नई रफ़्तार मिलेगी। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सरकार अपने इस बड़े वादे को कितनी शफ़्फ़ाफ़ियत और तेज़ी के साथ हकीकत में बदल पाती है।