खगड़िया में अधजले शव से मचा हड़कंप, बुजुर्ग महिला की संदिग्ध मौत, सबूत मिटाने की साजिश या गहरी साज़िश?
Bihar Crime: 76 वर्षीय बुजुर्ग महिला का अधजला शव मिलने से पूरे इलाके में दहशत और सनसनी फैल गई।....
Khagaria: जिले से एक बेहद सनसनीखेज और रहस्यमयी मामला सामने आया है। परबत्ता थाना क्षेत्र के सलारपुर गांव में 76 वर्षीय बुजुर्ग महिला का अधजला शव मिलने से पूरे इलाके में दहशत और सनसनी फैल गई। मृतका की पहचान स्वर्गीय सौदागर सिंह की पत्नी वीणा देवी के रूप में हुई है। शव छोटे बेटे के दरवाजे पर रखी चौकी पर मिलने के बाद पूरे गांव में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। पुलिस ने मामले को गंभीर मानते हुए जांच तेज कर दी है।रविवार सुबह ग्रामीणों की नजर घर के बाहर चौकी पर पड़े मोटे कपड़े से ढके शव पर पड़ी। जब लोगों ने पास जाकर देखा तो महिला का शव अधजली हालत में था। यह दृश्य देखते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही परबत्ता थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मृतका के परिजनों ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि वीणा देवी की मौत घर के अंदर हुई थी। आरोप है कि इसके बाद शव को छोटे बेटे पप्पू सिंह के दरवाजे पर रखकर कपड़े से ढक दिया गया और आग लगाकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश की गई। हालांकि, पुलिस ने फिलहाल इन आरोपों की पुष्टि नहीं की है और कहा है कि जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।घटना ने उस वक्त और रहस्य गहरा दिया जब मृतका के दोनों बेटे मनोज सिंह और पप्पू सिंह एक-दूसरे पर आरोप लगाने लगे। दोनों के बयानों में विरोधाभास मिलने के बाद पुलिस हर एंगल से मामले की तहकीकात कर रही है और पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है।
ग्रामीणों का कहना है कि परिवार में लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी वजह से स्थानीय लोग इस मौत को भी उसी विवाद से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, पुलिस का कहना है कि अभी तक हत्या या किसी साजिश की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है।ग्रामीणों ने यह भी बताया कि मृतका का मझला बेटा अनुज सिंह पूर्व में अंचलाधिकारी (सीओ) के साथ मारपीट के मामले में जेल में बंद है। वहीं, कुछ लोगों ने यह भी याद दिलाया कि कुछ वर्ष पहले मृतका के पति सौदागर सिंह की भी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी और उनका शव गंगा नदी से बरामद हुआ था। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान मामले का उस पुराने प्रकरण से कोई आधिकारिक संबंध अभी स्थापित नहीं हुआ है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) की टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर ही यह साफ हो सकेगा कि महिला की मौत कैसे हुई, शव को कब और क्यों जलाया गया तथा इसके पीछे कोई आपराधिक साजिश थी या नहीं।फिलहाल पूरे गांव में इस रहस्यमयी मौत को लेकर दहशत और चर्चाओं का दौर जारी है, जबकि पुलिस हर पहलू की गहराई से जांच कर सच्चाई तक पहुंचने की कोशिश में जुटी हुई है।
रिपोर्ट- अमित कुमार