Bihar Crime: 50 लाख की शराब का काला खेल बेनकाब, ट्रक और दो लग्जरी गाड़ियां जब्त, पुलिस की दबिश से कारोबारी फरार

Bihar Crime: पुलिस ने अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 50 लाख रुपये मूल्य की विदेशी शराब की खेप बरामद की है।

Muzaffarpur 50 Lakh Liquor Seized Smugglers Flee Police Raid
शराब का काला खेल बेनकाब- फोटो : reporter

Muzaffarpur: बिहार में शराबबंदी के बीच मुजफ्फरपुर पुलिस ने अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 50 लाख रुपये मूल्य की विदेशी शराब की खेप बरामद की है। गरहा ओपी थाना क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई में पुलिस ने एक ट्रक और दो लग्जरी वाहनों को कब्जे में लिया है। हालांकि पुलिस की दबिश की भनक लगते ही शराब कारोबारी मौके से फरार होने में कामयाब रहे।

वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिलेभर में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण, खरीद-बिक्री और तस्करी के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के दौरान मध्य निषेध विभाग, पटना से गरहा ओपी पुलिस को बड़ी खेप पहुंचने की सूचना मिली।

सूचना थी कि पटियासा जलाल गांव के समीप एक ट्रक से विदेशी शराब की खेप उतारी गई है और उसे अलग-अलग वाहनों में भरकर दूसरे ठिकानों तक पहुंचाने की तैयारी चल रही है। खबर मिलते ही गरहा ओपी प्रभारी पंकज कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और इलाके की घेराबंदी करते हुए छापेमारी शुरू कर दी।

पुलिस टीम को मौके पर एक ट्रक और दो लग्जरी वाहन मिले। तीनों वाहनों में विदेशी शराब लदी थी। पुलिस के मुताबिक बरामद शराब की अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये है। शराब समेत तीनों वाहनों को जब्त कर थाने लाया गया।

लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही तस्करों को कार्रवाई की भनक लग गई। पुलिस की घेराबंदी शुरू होते ही शराब कारोबार से जुड़े लोग मौके से भाग निकले। अब पुलिस का अगला निशाना उन फरार आरोपियों तक पहुंचना है।मुजफ्फरपुर एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने बताया कि मध्य निषेध विभाग, पटना से मिली सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की गई। पुलिस अब जब्त वाहनों और बरामद शराब से जुड़े सुराग खंगाल रही है।

जांच का सबसे बड़ा सवाल यही है कि 50 लाख की शराब की इस खेप का असली आका कौन है? शराब कहां से आई, किसके इशारे पर मंगाई गई और किन ठिकानों तक पहुंचाई जानी थी—इन सवालों के जवाब तलाशने में पुलिस जुटी है।फिलहाल फरार कारोबारियों की तलाश जारी है और पुलिस को उम्मीद है कि जब्त वाहनों और अन्य तकनीकी सुरागों के जरिए पूरे शराब तस्करी के नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सकेगा।

रिपोर्ट-मणिभूषण शर्मा