कचहरी से जेल के रास्ते पर हाई-वोल्टेज ड्रामा, नौबतपुर गोलीकांड के आरोपित पिता-पुत्र का पुलिस पर संगीन आरोप,कहा- 'खाकी रच रही फर्जी एनकाउंटर की साजिश'

Patna Crime : पटना से सटे नौबतपुर के मोतीपुर स्थित रॉक्स रेस्टोरेंट गोलीकांड में एक नया और बेहद सनसनीखेज मोड़ आ गया है। ...

Patna Noubatpur Firing High-Voltage Drama as Accused Taken t

Patna Crime : पटना से सटे नौबतपुर के मोतीपुर स्थित रॉक्स रेस्टोरेंट गोलीकांड में एक नया और बेहद सनसनीखेज मोड़ आ गया है। इस वारदात में गिरफ्तार होटल संचालक सूरज कुमार और उनके पिता राजीव कुमार ने बुधवार को दानापुर व्यवहार न्यायालय  में पेशी के बाद जेल ले जाते समय जमकर गदर काटा। पुलिस वैन में बैठते ही दोनों आरोपितों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया और चीख-पुखकर करते हुए हाई-वोल्टेज ड्रामा शुरू कर दिया। इस हंगामे की 'जद' में आकर कोर्ट परिसर से लेकर मुख्य सड़क तक कुछ देर के लिए राहगीरों और वकीलों के बीच अफरातफरी का माहौल बन गया।

पुलिस कस्टडी में हंगामा कर रहे पिता-पुत्र का बयान था कि वे इस पूरे मामले में पूरी तरह बेकसूर हैं। उन्होंने खाकी पर फर्जी एनकाउंटर की खौफनाक साजिश रचने का संगीन आरोप मढ़ा। आरोपितों का कहना था 12 जुलाई की रात होटल के बाहर जब गोलीबारी हुई, तो वे खुद अपनी शिकायत)दर्ज कराने नौबतपुर थाना पहुंचे थे।पुलिस ने उनकी शिकायत सुनने के बजाय उन्हें ही इस खूनी खेल'का मुख्य आरोपित बना दिया और 12 जुलाई की रात से ही थाने में अवैध तरीके से हिरासत में रखा।

इधर, आरोपित पिता-पुत्र द्वारा लगाए गए इन तमाम आरोपों पर नौबतपुर के थानाध्यक्ष मंजीत कुमार ठाकुर ने करारा पलटवार करते हुए इन्हें सिरे से खारिज कर दिया। पुलिस अधिकारी ने साफ लफ्जों में कहा कि रॉक्स होटल के संचालक सूरज कुमार और उनके पिता राजीव कुमार इलाके में गंदे धंधों में संलिप्त थे।थानाध्यक्ष के मुताबिक कानून के शिकंजे से बचने और पुलिसिया तफ्तीश पर नाजायज दबाव बनाने की नियत से ही इन दोनों ने कोर्ट परिसर से लेकर जेल जाने के रास्ते तक यह सोची-समझी ड्रामेबाजी की है। पुलिस कड़े साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई कर रही है।

12 जुलाई की रात मोतीपुर के रॉक्स होटल के बाहर ताबड़तोड़ फायरिंग हुई थी, जिसमें हदसपुरा निवासी सुनील कुमार को निशाना बनाया गया था। अस्पताल के बेड पर जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे जख्मी सुनील ने पुलिस को दिए अपने फर्दबयान में इस रक्तचरित्र की पूरी कहानी बयां की थी।सुनील ने आरोप लगाया कि वह अपने दोस्त अमित कुमार के साथ रॉक्स होटल में डिनर करने गए थे। जैसे ही वे खाना खाकर होटल से बाहर निकले, तभी पहले से घात लगाए बैठे होटल संचालक सूरज कुमार, राजीव कुमार, अभिषेक कुमार उर्फ हैपी, अमन कुमार और गोलू कुमार ने उन्हें चारों तरफ से घेर लिया। इससे पहले कि वे कुछ समझ पाते, हमलावरों ने जान मारने की नीयत से अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। एक सनसनाती हुई गोली सीधे सुनील की गर्दन को चीरती हुई निकल गई, जिसके बाद वे लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। फिलहाल, पुलिस अन्य फरार आरोपियों की सरगर्मी से तलाश में जुटी है।

रिपोर्ट- सुमित कुमार