Bihar Police Raid: नकली करेंसी के खेल का हुआ भंडाफोड़, करोड़ों के जाली नोट बरामद, कुख्यात धंधेबाज गिरफ्तार

Bihar Police Raid: भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय स्तर के नकली नोट रैकेट का भंडाफोड़ किया है....

Sitamarhi Fake Currency Racket Busted Crores Seized
बिहार में नकली नोटों का काला साम्राज्य ध्वस्त- फोटो : Kuldeep Bhardwaj

Bihar Police Raid: भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय स्तर के नकली नोट रैकेट का भंडाफोड़ किया है, जिसने पूरे सीमावर्ती इलाके में सनसनी फैला दी है। इस कार्रवाई में कुख्यात धंधेबाज राम प्रीत महतो को गिरफ्तार किया गया है।

बिहार के सीतामढ़ी  जिले में  संयुक्त कार्रवाई SSB, STF Bihar और स्थानीय पुलिस की टीम द्वारा की गई, जिसमें आरोपी के घर पर छापेमारी कर भारी मात्रा में जाली भारतीय और नेपाली मुद्रा बरामद की गई।जांच में सामने आया कि बरामद नकली नोटों में 200 रुपये के भारतीय नकली नोटों के साथ-साथ नेपाली करेंसी भी शामिल है। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि कई नोटों पर एक ही सीरियल नंबर पाया गया, जिससे यह साफ हुआ कि यह संगठित तरीके से छपाई कर पूरे नेटवर्क के जरिए फैलाया जा रहा था।

छापेमारी के दौरान सुरक्षा एजेंसियों ने आरोपी के पास से कुछ असली भारतीय और नेपाली नकदी भी बरामद की है, जिससे शक और गहरा गया है कि यह पूरा रैकेट सिर्फ नकली नोट ही नहीं, बल्कि सीमा पार अवैध आर्थिक गतिविधियों से भी जुड़ा हो सकता है।

सूत्रों के अनुसार, राम प्रीत महतो कोई नया नाम नहीं है। वह पहले भी जाली नोटों और हथियार तस्करी जैसे गंभीर मामलों में जेल जा चुका है। उसकी गतिविधियां लंबे समय से भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में सक्रिय बताई जा रही थीं।इस पूरे ऑपरेशन के बाद सुरक्षा एजेंसियां अब इस नेटवर्क के बड़े कनेक्शन और “सफेदपोश” लोगों की भूमिका की जांच में जुट गई हैं। आशंका जताई जा रही है कि यह केवल एक छोटा हिस्सा है, जबकि इसके पीछे एक बड़ा अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय रैकेट सक्रिय हो सकता है।

स्थानीय प्रशासन ने भी इस कार्रवाई को बड़ी सफलता बताया है और कहा है कि सीमावर्ती इलाकों में नकली नोटों के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करने के लिए निगरानी और सख्त कर दी गई है।फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है और आने वाले दिनों में इस पूरे रैकेट से जुड़े और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
रिपोर्ट- कुलदीप भारद्वाज