Hanuman Puja Vidhi: पवन तनय बल पवन समाना, बुद्दि-विवेक वज्ञान निधाना।हनुमान जी की पूजा मंगलवार के दिन विशेष महत्व रखती है। इस दिन भक्तजन विधि-विधान से हनुमान जी की उपासना करते हैं, जिससे उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। यहाँ पर हम विस्तार से बताएंगे कि कैसे इस दिन हनुमान जी की पूजा करनी चाहिए।
मंगलवार के दिन सुबह जल्दी उठकर सबसे पहले हनुमान जी का स्मरण करें और उन्हें प्रणाम करें। यह दिन की शुरुआत करने का एक शुभ तरीका है। नित्य कर्मों से निवृत्त होकर गंगाजल मिलाकर स्नान करें। यदि गंगाजल उपलब्ध न हो, तो सामान्य जल से भी स्नान किया जा सकता है। स्नान करते समय आचमन करें, जिसमें आप निम्नलिखित मंत्रों का उच्चारण कर सकते हैं:
“ॐ केशवाय नमः”
“ॐ नाराणाय नमः”
“ॐ माधवाय नमः”
“ॐ हृषीकेशाय नमः”
अंत में “ॐ गोविंदाय नमः” का उच्चारण करें।
स्नान के बाद लाल रंग के वस्त्र पहनें। इसके पश्चात, जल में लाल रंग मिलाकर भगवान सूर्य को अर्घ्य दें और इस समय ‘ॐ सूर्याय नमः’ मंत्र का जाप करें।
अब हनुमान जी की पूजा विधि विधान से करें।
धूप, दीपक, लाल रंग के फूल, फल, सिंदूर
हनुमान चालीसा और बजरंग बाण का पाठ अवश्य करें। यदि संभव हो तो सुंदर काण्ड का पाठ भी करना चाहिए। पूजा का समापन आरती के साथ करें, जिसमें आप हनुमान जी से सुख, समृद्धि, बल, बुद्धि, विद्या और शक्ति की प्रार्थना करें।
अंत में, पूजा में हुई किसी भी प्रकार की गलतियों के लिए क्षमा याचना करना न भूलें। यह मान्यता है कि इस तरह से हनुमान जी की पूजा करने से साधक की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
मंगलवार को विधि अनुसार हनुमान जी की पूजा करने से व्यक्ति को कई लाभ मिलते हैं और उसकी कुंडली में मंगल ग्रह मजबूत होता है।