Bihar teacher dismissed: नशे में पकड़े गए तीन शिक्षक बर्खास्त, शिक्षा विभाग में मचा हड़कंप
Bihar teacher dismissed: तीन शिक्षकों की नौकरी समाप्त कर दी है। इस कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है।...
Bihar teacher dismissed: बिहार से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां समाज को सही राह दिखाने वाले गुरुजी खुद कानून तोड़ते पकड़े गए। पूर्ण शराबबंदी कानून के उल्लंघन के मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए तीन शिक्षा सेवकों की नौकरी समाप्त कर दी है। इस कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है।
पूरा मामला बांका के अमरपुर थाना क्षेत्र का है। बीते 13 दिसंबर 2025 को उत्पाद विभाग की टीम ने भरको चौक के पास तीन लोगों को नशे की हालत में गिरफ्तार किया था। तलाशी के दौरान उनके पास से अवैध देशी शराब भी बरामद हुई थी। जांच में जब पहचान सामने आई, तो अधिकारी भी हैरान रह गए तीनों आरोपी शिक्षा सेवक निकले।
गिरफ्तार शिक्षा सेवकों में अमोद कुमार रजक (मध्य विद्यालय लौगाय), प्रकाश रजक (प्रोन्नत मध्य विद्यालय विश्वासपुर) और प्रिंस कुमार रजक (प्राथमिक विद्यालय लौगाय एससी) शामिल थे।
जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद विभाग ने तीनों से स्पष्टीकरण मांगा। लेकिन उनका जवाब जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (साक्षरता) को संतोषजनक नहीं लगा। विभाग ने स्पष्ट कहा कि शराबबंदी लागू राज्य में शिक्षा से जुड़े कर्मियों का इस तरह का आचरण किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इसके बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी संजय कुमार यादव ने 9 जनवरी 2026 को पत्र जारी कर तीनों शिक्षा सेवकों को तत्काल प्रभाव से सेवा मुक्त करने का आदेश दे दिया। साथ ही संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों और चयन समिति को निर्देश दिया गया है कि एक सप्ताह के भीतर हटाने की पूरी प्रक्रिया पूरी की जाए।
यह कार्रवाई न सिर्फ अमरपुर, बल्कि पूरे जिले के शिक्षा कर्मियों के लिए एक कड़ा संदेश और बड़ा सबक मानी जा रही है कि कानून से ऊपर कोई नहीं चाहे वह ‘गुरुजी’ ही क्यों न हो।