डोल मेला में 'मौत' का तांडव: बेकाबू कार ने दर्जनों को रौंदा, 2 की मौत के बाद शव सड़क पर रख ग्रामीणों ने किया चक्का जाम

रांची के टाटीसिलवे डोल मेला में तेज रफ्तार कार ने 12 लोगों को रौंदा। हादसे में अनगड़ा के 2 लोगों की मौत, आक्रोशित ग्रामीणों ने रांची-खेलगांव मार्ग जाम किया।

 डोल मेला में 'मौत' का तांडव: बेकाबू कार ने दर्जनों को रौंदा

Ranchi - रांची के नामकुम थाना क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक टाटीसिलवे डोल मेला में शनिवार की शाम उस समय मातम पसर गया, जब एक अनियंत्रित कार ने मेले में घूम रहे एक दर्जन से अधिक लोगों को बेरहमी से कुचल दिया। इस दर्दनाक हादसे में अनगड़ा के दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि करीब 12 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घायलों में से एक की हालत नाजुक देखते हुए उसे रिम्स रेफर किया गया है।

अनगड़ा के दो लोगों की मौत, घायलों की सूची लंबी

हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान अनगड़ा निवासी भोला शर्मा (65 वर्ष) और अनगड़ा मिलन चौक की रीमा कुमारी (22 वर्ष) के रूप में हुई है। घायलों में पप्पू साव, सुलोचना देवी, रश्मि कुमारी, पूनम कुमारी, अरुणा एक्का, तारा देवी, रोशनी कुमारी, मोनिका देवी, आयुष, अंशिका, लोखन मंडल और निशु लकड़ा शामिल हैं, जिनका इलाज स्थानीय अस्पतालों में चल रहा है।

भीड़ में काल बनकर घुसी कार (JH 05 CP 4627)

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शनिवार को मेले का तीसरा दिन था और सड़क के दोनों ओर बाजार होने के कारण काफी भीड़ थी। शाम करीब पांच बजे अनगड़ा की ओर से आ रही कार (JH 05 CP 4627) अचानक अनियंत्रित हो गई और मेले की भीड़ में जा घुसी। ड्यूटी पर तैनात एएसआई रवि कुमार ने स्थानीय लोगों की मदद से आनन-फानन में घायलों को अस्पताल पहुँचाया, वरना स्थिति और भी भयावह हो सकती थी।

शवों को सड़क पर रख रांची-खेलगांव मार्ग जाम

घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने टाटीसिलवे बैंक मोड़ चौक पर दोनों शवों को रखकर रांची-खेलगांव रोड पूरी तरह जाम कर दिया है। ग्रामीण उचित मुआवजे और कार चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं। मौके पर थाना प्रभारी हंसे उरांव पुलिस बल के साथ स्थिति को संभालने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन ग्रामीणों का आक्रोश कम होने का नाम नहीं ले रहा है।

मेला संचालकों पर फूटा गुस्सा, मेला बंद

मृतकों के परिजनों ने मेला संचालकों पर लापरवाही का गंभीर आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पहले यह मेला केवल दो दिनों का होता था, लेकिन इस बार अवधि बढ़ाई गई और सुरक्षा व विधि-व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए। प्रशासन ने फिलहाल मेले को बंद करवा दिया है और दुर्घटनाग्रस्त कार को जब्त कर पुलिस आगे की कार्रवाई में जुट गई है।