मुंगेर से 3 बार सांसद रहे ब्रह्मानंद मंडल ने 87 साल की उम्र में ली अंतिम सांस, राजनीतिक गलियारे में दौड़ी शोक की लहर

मुंगेर से 3 बार सांसद रहे ब्रह्मानंद मंडल ने 87 साल की उम्र

MUNGER : बिहार के राजनीतिक गलियारे में उस समय शोक का लहर दौड़ गयी। जब मुंगेर संसदीय क्षेत्र से तीन बार सांसद रह चुके ब्रह्मानंद मंडल ने आज 87 साल की उम्र में अपने निवास मुंगेर शहर स्थित बेकापुर में आज सुबह लंबी बीमारी के बाद अंतिम सांसे ली। उनके निधन की सूचना के बाद जहां परिवार में शोक का लहर दौड़ गयी तो उनके अंतिम दर्शन करने वालों का घर पर तांता लग गया। वहीं दिवंगत अपने पीछे भरा पूरा परिवार छोड़ कर गए है। 

दिवंगत पूर्व सांसद का एक पुत्र और एक पुत्री है। पुत्र नचिकेता भी राजनीतिक गलियारे से ताल्लुकात रखते हुए वर्तमान में वह मुंगेर जदयू के जिलाध्यक्ष के पद पर आसीन है। वहीं श्रद्धा सुमन अर्पित करने पहुंचे जदयू के प्रदेश सचिव सौरभ निधि और भाजपा नेता प्रीतम सिंह ने बताया की दिवंगत सांसद का जन्म 14 जनवरी 1947 को हुआ था और वह मुंगेर निर्वाचन क्षेत्र से तीन अलग-अलग राजनीतिक दलों के तहत लोकसभा के सदस्य के रूप में कार्य किया।

1991 में भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी तो समता पार्टी में रहते 1996 और 1999 में सांसद रहे। उनका राजीतिक कैरियर संघर्ष भरा ही रहा है। उपलब्धि के रूप में मुंगेर गंगा पर बने श्री कृष्ण सेतु के लिए सांसद रहते 1994 में वे और उनके समर्थक मुंगेर में गंगा नदी पर रेल सह सड़क पुल की मांग को लेकर भूख हड़ताल पर चले गए। जिसका परिणाम रहा की मुंगेर गंगा नदी पर रेल सह सड़क पुल का निर्माण हो सका। 

साथ ही जमालपुर रेल कारखाना में बन रहे 140 टन क्रेन के बनने में भी इनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इसके अलावा भी कई मामलों में संघर्ष का विगुल इन्होंने फूका। साथ ही मुंगेर के विकास में इनका अतुलनीय योगदान रहा है। यही वजह रहा की उनके निधन पर राजनीतिक और सामाजिक गलियारे में शोक का लहर फैल गया है।

मुंगेर से इम्तियाज़ खान की रिपोर्ट