शिक्षा विभाग ने जिलों से मांगी स्कूलों में छात्र छात्राओं की संख्या की सूची, केके पाठक ने रिपोर्ट किया तलब, हो गया खुलासा

शिक्षा विभाग ने जिलों से मांगी स्कूलों में छात्र छात्राओं की

पटना: बांका, बक्सर, दरभंगा, गया, कैमूर, किशनगंज, रोहतास और प.चंपारण जिलों से संख्यावार स्कूलों में छात्र छात्राओं की संख्या शिक्षा विभाग के पास पहुंचा तो चौकाने वाला तथ्य सामने आया. आठ जिलों की रिपोर्ट के अनुसार कक्षा एक से आठ तक के  312 प्रांरभिक स्कूल ऐसे हैं, जहां पर छात्र-छात्राओं का नामांकन 30 से कम है तो  वहीं चार स्कूल तो ऐसे हैं  नामांकन हुआ हीं नहीं है. शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक एक तरफ विद्यालयों की स्थिति सुधारने की कोशिश कर रहे हैं तो दूसरी तरफ कई स्कूलों में नामांकन शून्य हैं. 

छात्र-छात्राओं के नामांकन की रिपोर्ट तलब

शिक्षा विभाग ने सभी जिलों से तय फॉरमेट में रिपोर्ट मांगी. रिपोर्ट के अनुसार 30 से कम नामांकन वाले प्रारंभिक स्कूलों की संख्या बांका में 68, बक्सर में 26, दरभंगा में 51 गया में 16, कैमूर में 30, किशनगंज में 10, रोहतास में 83 और पश्चिम चंपारण में 28 है तो वहीं, 40 से कम नामांकन वाले माध्यमिक स्कूलों की संख्या बांका में तीन, दरभंगा में दो, कैमूर में छह, रोहतास में तीन, पूर्वी चंपारण में चार और पश्चिम चंपारण जिले में सात है.

विद्यालयों की स्थिति सुधारने का हो रहा है प्रयास

शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार विद्यालयों में कमरों की संख्या बढ़ायी जा रही है, नये शिक्षकों को भेजा जा रहा है.  शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों की संख्या के आधार पर अलग-अलग स्कूलों की सूची जिलों से मांगी है. रिपोर्ट आने पर इसका विश्लेषण किया जाएगा. 

कई विद्यालयों में एक भी नहीं हुआ नामांकन

बिहार के चार माध्यमिक स्कूल ऐसे हैं, जहां पर शून्य नामांकन है. इनमें तीन बेतिया में और एक माध्यमिक स्कूल कैमूर में हैं. बहरहाल शिक्षा विभाग लगातार विहार के सरकारी स्कूलों की दशा और दिशा सुधारने में लगा है, ऐसे में विद्यालयों की अद्यतन स्थिति से वाकिफ होने के लिए के के पाठक रिपोर्ट तलब करने लगे हैं.