पीएचसी प्रबंधक पर ग्रामीणों ने लगाया भ्र्ष्टाचार का आरोप,डीएम से की जांच की मांग

पीएचसी प्रबंधक पर ग्रामीणों ने लगाया भ्र्ष्टाचार का आरोप,डीएम से की जांच की मांग

MOTIHARI : पूर्वी चंपारण जिला के सुगौली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के स्वास्थ्य प्रबंधक के खिलाफ ग्रामीणों ने भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं. इस मामले को लेकर ग्रामीणों ने  डीएम को आवेदन भेजकर जांच करने की मांग की है. ग्रामीणों ने बताया कि प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक द्वारा आशा कार्यकर्ता, ममता व नर्स पर दबदबा बना प्रसव पीडिताओं को आए दिन परेशान किया जाता है. स्वास्थ्य कर्मियों की मिलीभगत से सरकारी अस्पताल में प्रसव के लिए आये मरीजो को निजी अस्पतालो में भेजवा देते है. जिसमे कमीशन का खेल होता है. 

कहा जा रहा है की प्रखंड मुख्यालय में काफी संख्या में प्राइवेट जांच घर तथा अल्ट्रासाउंड इनके देखरेख में चलता है. जो प्रबंधक की अनदेखी करता है  उसको पकड़वाने की धमकी देकर परेशान किया जाता है. अस्पताल में जांच की सुविधा उपलब्ध है. लेकिन मरीजों को बाहर जांच करवाया जाता है. जिससे अवैध जांच कर लाभान्वित होते हैं और रोगियों का शोषण होता है.वही एनएचएम मद से अस्पताल परिसर में रोगी के कल्याण के लिए उपकरण खरीदने में व्यापक लूट खसोट मचाया गया है. यदि गहनता से उपकरण, बिल वाउचर, व भंडार पंजी की जांच की जाए तो सभी लूट सामने आ जाएगा. इसके अलावा आशा बहाली में भी कई जगह फर्जीवाड़ा किया गया है. 

इस फर्जीवाड़े को पीएचसी प्रभारी दिवाकांत मिश्रा भी स्वीकार चुके है. वही फर्जी बहाली संबंधित खबर समाचार पत्र में भी प्रकाशित हुई है. इससे इतर विगत 5 सितंबर 2020 को जिला स्वास्थ्य समिति पूर्वी चंपारण ने प्रशासनिक दृष्टिकोण से इनको हरसिद्धि स्थानांतरित किया था. परंतु 12 दिनों के बाद धर्मराज कुमार के स्थानांतरण में संशोधन करते हुए पुनः सुगौली पदस्थापित कर दिया गया. तमाम ऐसी बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित कराते हुए जिलाधिकारी से जांच की मांग की गई है.पीएचसी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दिवाकांत मिश्रा ने बताया कि मामले कि जांच कर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी.वही बीएचएम धर्मराज कुमार ने बताया कि लगाए गए आरोप को निराधार व राजनीति से प्रेरित है. 

मोतिहारी से हिमांशु की रिपोर्ट 

Find Us on Facebook

Trending News